अवैध पत्थर तोड़ान कराने वालों को कानून का भय नहीं दिखता। धड़ल्ले से भरतकूप क्षेत्र में ब्लास्टिंग हो रही है और भौंरी पहाड़ में जेसीबी से पत्थर तोड़ान कर ढुलाई जारी है। सोमवार को बजनी पहाड़ के पास ब्लास्टिंग से एक मजदूर घायल हो गया। जिसका इलाज कानपुर में कराया जा रहा है।
राजनैतिक आकाओं की शह पर भौंरी, माराचंद्रा व सेमरिया चरणदासी क्षेत्र के पहाड़ों में खुलेआम जेसीबी और सीमांकन से अधिक क्षेत्र में पत्थर तोड़ान जारी है। दिन-रात पत्थरों का ढुलान हो रहा है और इसे दोगुनेे दाम में बेचा जा रहा है। इसी प्रकार भरतकूप क्षेत्र में भी चोरी छिपे ब्लास्टिंग हो रही है। पट्टाधारकों के अलावा खनिज संपदा की चोरी करने वाले इस काम में ज्यादा आगे हैं।
जानकारी के अनुसार, सोमवार को बजनी पहाड़ के पास ब्लास्टिंग होते ही कई टूटे पत्थरों ने वहां मौजूद मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया। कुछ तो मामूली रूप से घायल हुए, जबकि गोंडा निवासी बच्चू पुत्र चुन्ना यादव पत्थरों के बीच फंस गया। जिससे उसके सिर व शरीर के अन्य हिस्से में चोटें आईं। किसी तरह उसे वहां से निकालकर कानपुर ले जाया गया। जहां के एक अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है।
भरतकूप में 30 पट्टेधारक
जिला खनिज अधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि भरतकूप क्षेत्र में 30 पट्टेधारक हैं। जिनके पास ब्लास्टिंग का लाइसेंस भी है। सोमवार को हुई घटना की जानकारी नहीं मिली है। ब्लास्टिंग पत्थर तोड़ान के लिए होती है, जो लाइसेंस धारक ही करा रहे हैं। उधर, भरतकूप चौकी प्रभारी मनीष जाट ने बताया कि मजदूर के घायल होने की जानकारी ग्रामीणों से की जा रही है।