चित्रकूट। रेलवे स्टेशनों पर संचालित शौचालयों का कॉन्ट्रैक्ट लेने वाली कंपनी के एक कर्मचारी ने जीआरपी पर मारपीट और मोबाइल छीनने का आरोप लगाया है। जीआरपी ने उसका शांति भंग में चालान किया और मारपीट के आरोप को गलत बताया है।
रविवार को झांसी निवासी संतोष कुमार ने बताया कि वह रेलवे स्टेशन में बने शौचालयों के संचालन करने वाली एक कंपनी का कर्मचारी है। शनिवार को चित्रकूट धाम कर्वी में रेलवे स्टेशन में शौचालय की स्थिति देख रहा था। इसी दौरान शौचालय के पास मौजूद एक युवक ने उसे टोका और परिचय देने के बाद अभद्रता की फिर जीआरपी थाने ले गया। आरोप लगाया कि आरोपी ने जीआरपी थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों से बातचीत की फिर उसे वहीं बैठा लिया गया। गालीगलौज करने के बाद भूखा रखा और मोबाइल छीन लिया। सुबह शांतिभंग में चालान कर दिया।
उसने इस संबंध में पुलिस अधीक्षक जीआरपी झांसी को प्रार्थनापत्र देकर मामले की जांच कर न्याय की गुहार लगाई है। इस मामले में जीआरपी प्रभारी सीबी यादव ने बताया कि रेलवे कर्मी द्वारा सूचना दिए जाने के बाद संतोष को थाने लाया गया था। कोई मारपीट नहीं की गई है। अभद्रता के आरोप में शांतिभंग में चालान किया गया था।