हाईवे पर अन्ना मवेशियों का कब्जा।
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बुंदेलखंड क्षेत्र में चली आ रही अन्ना मवेशियों की समस्या से जिले के किसान भी जूझ रहे है। इस बार बारिश होने से अच्छी फसल तैयार हुई तो अन्ना मवेशी फसल चर रहे हैं। इस समस्या का निदान कराने के लिए किसान संघों ने कई बार आंदोलन कर प्रशासनिक अधिकारियों से वार्ता की इसके बावजूद कोई ठोस नतीजा नहीं निकल रहा है।
तीन साल से किसान सूखा व अतिवृष्टि से परेशान था। इस साल अच्छी बारिश होने पर जब खरीफ की फसल तैयार हो गई तो सैकड़ों की संख्या में मवेशियों के झुंड फसलों को रौंद व सफाचट कर रहे हैं। पिछले कई वर्षों से सूखा में बर्बाद तमाम किसानों व ग्रामीणों ने जानवरों को खुला छोड़ दिया। अधिकांश गायें हैं।
इस समस्या के निदान के लिए भारतीय किसान यूनियन, किसान रक्षा दल सहित कई किसान संघों ने समय-समय पर अन्ना मवेशियों की समस्या के लिए धरना प्रदर्शन किया। कांग्रेस पार्टी की खाट सभी भी किसानों ने कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राहुल गांधी के समाने अन्ना मवेशी की समस्या से अवगत कराया था।
तब उन्होेंने आश्वासन दिया कि कांग्रेस पार्टी की सरकार आने पर इसका निदान किया जाएगा। इसके अलावा हाल ही में हमीरपुर में मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अन्ना जानवरों के चारा के लिए इंतजाम करने की बात कही है। जिससे किसानों ने खुशी जाहिर की है। जिलाधिकारी मोनिका रानी की पहल से जिले अन्ना मवेशियों के लिए चार स्थानों में गौशाला बनाने के लिए जमीन चिह्नित कर ली गई है।