चित्रकूट में जिला पंचायत की बैठक में चालू व पिछले वित्तीय वर्ष का बजट पेश किया गया। ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग के अधिकारियों द्वारा विकास कार्यों की सही जानकारी न देने पर नाराजगी जताई गई। जिले के पांचों विकास खंड में एक-एक बड़ी गोशाला का निर्माण करने का निर्णय लिया गया। जिसमें अन्ना मवेशी रखे जाएंगे।
शनिवार को जिला पंचायत की बैठक कार्यालय के सभागार में हुई। इसमें जिला पंचायत अध्यक्ष मैना देवी व अपर मुख्य अधिकारी सुरेंद्र कुमार वर्मा ने वित्तीय वर्ष 2020-21 मूल बजट 35 करोड़ 42 लाख 630 रुपये व 2019-20 का पुर्नारक्षित बजट 58 करोड़ 77 लाख 8640 हजार का प्रस्तुत किया।
गांवों के विकास कार्याें के अलावा अन्ना मवेशियों की समस्या को दूर करने के लिए प्रत्येक विकास खंड में एक-एक गोशाला खोलने का निर्णय लिया गया। बैठक में मुख्य अतिथि सांसद आर के सिंह पटेल ने जीएमवाई विभाग के कार्यो की सूचना न देने पर नाराजगी जताई। कहा कि सूचनाओं की जानकारी समय पर दें। उन्होंने कहा कि जिला पंचायत के माध्यम से ज्यादा से ज्यादा विकास कार्य कराएं।
बैठक में पिछले साल के कामों की जानकारी दी गई। इस दौरान मुख्य अतिथि सांसद आरके सिंह पटेल ने कहा कि केंद्र व प्र्रदेश सरकार के दिए निर्देशों के आधार पर काम किया जाए। समय से सड़के बनाई जाए। आदर्श गांवों का विकास किया जाए। जिला पंचायत अध्यक्ष मैना देवी ने कहा कि कहा सभी जिला पंचायत सदस्यों के क्षेत्र में कार्य कराए जा रहे हैं।
जिला विकास अधिकारी राजकुमार त्रिपाठी ने सरकार की योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि गांवों के अंदर छोटे छोटे कार्य जिला पंचायत के माध्म से न कराए जाए। गांवों के बाहर के ऐसे कार्य जो ग्राम पंचायत कराने में सक्षम नहीं है। ऐसे कार्य 10 लाख से अधिक की सीमा के कराए जाए। जिला पंचायत के सदस्यों के सदस्यों के प्रस्ताव लिए जाए।
सदन द्वारा सर्व सम्मति से प्रस्ताव का अनुमोदन किया जाए। जिला पंचायत सदस्य अनिल प्रधान ने कहा कि पोस्टमार्टम में अधिक डॉक्टरों की डयूटी लगाई जाए और यह काम 24 घंटे होना चाहिए। देरी होने से ग्रामीण कई घंटे तक परेशान होते हैं।
बैठक मेेें जिला पंचायत सदस्य शिवशंकर यादव, सिद्वार्थ पांडेय, पंकज यादव, रीना देवी, बुद्धिया देवी, राकेश श्रीवास, अभिषेक निषाद, निर्मला देवी रामरतन आदि मौजूद रहे।