बस स्टैंड के पास एक गली में फेंकी गई कोविड़-19 के जांच के बाद की सामग्री।
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चित्रकूट। सरकार कोेरोना महामारी से बचाव के लिए हर संभव उपाय कर रही है। वहीं मुख्यालय में स्वास्थ्य कर्मी इस काम में लापरवाही बरत रहे हैं। इसकी बानगी बस स्टैंड के पास देखने को मिली।
यहां एक परिवार में कोरोना पॉजिटिव मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम जांच किट के साथ पहुंची और सभी के सैंपल लिए। जांच के लिए प्रयोग की गई किट व अन्य सामग्री स्वास्थ्य कर्मी उसी घर के पीछे गली में फेंककर चले गए।
इससे संक्रमण फैलने की आशंका है। इस मामले में प्रभारी सीएमओ का कहना है कि जांच कर संबंधित कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
बस स्टैंड निवासी डॉ. ओमनाथ मिश्रा व राजीव लखानी ने बताया कि स्वास्थ्यकर्मियों को ऐसा करने से मना किया गया था, लेकिन वे नहीं माने। कोरोना की जांच के बाद किट को खुले में फेंकना गलत है। 24 घंटे बाद सफाई कर्मियों ने उसे हटाया। तब आस पास के लोगोें ने राहत की सांस ली।
इस संबंध में प्रभारी सीएमओ डॉ. इम्त्यिाज ने बताया कि उन्हें जानकारी नहीं है, अगर ऐसा हुआ है तो गलत है। ऐसी सामग्री को एक सुरक्षित स्थान पर नष्ट करने का नियम है। जो टीम वहां गई थी उसके बारे में पता कर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।