चित्रकूट। सोमवार को रामनगर क्षेत्र निवासी एक युवक समेत कुल छह लोगों के नमूने जांच के लिए लखनऊ भेजे गए। युवक की तबीयत कई दिनों से खराब थी, सोमवार को सीएचसी में लाकर उसकी जांच की गई। वहीं सदर कोतवाली क्षेत्र के एक युवका की जांच रिपोर्ट दो दिन पूर्व नेगेटिव आई थी, उसके पांच परिजनों के भी नमूने जांच को लखनऊ भेजे हैं। वहीं रविवार देर रात तीन युवकों को प्रशासन की टीम ने पकड़ा, बताया गया कि ये युवक एक सप्ताह पूर्व बाहरी जिलों से आए थे। जांच में उनमें किसी में लक्षण नहीं मिले। वहीं सोमवार को दिनभर प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग की टीमें सक्रिय रहीं।
जिले के रामनगर क्षेत्र में एक युवक की लगातार तबीयत खराब रहने व उसके द्वारा जांच न कराने की सूचना पर स्वास्थ्य विभाग की टीम उसके घर पहुंची। जहां से उसे सीएचसी रामनगर ले जाकर उसकी जांच कराई। मामला कुछ संदिग्ध होने पर उसका सैंपल लखनऊ भेजा गया है। युवक को रैपुरा के पास अस्थायी होम क्वारंटीन में रखा गया है। उसके घर के सदस्यों को भी घर में ही क्वारंटीन किया गया है। सीएमओ डॉ. विनोद कुमार ने बताया कि शहर के एक युवक में लक्षण दिखने पर उसकी जांच लखनऊ भेजी थी। दो दिन पूर्व उसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई है। उस युवक के परिवार के पांच सदस्यों के नमूने भी सोमवार को भेजे गए।
इस तरह जिले में कुल छह नमूने जांच को गए हैं। वहीं सदर कोतवाली क्षेत्र के तरौंहा व पुरानी बाजार में पुलिस ने बाहरी जिलों से आए तीन युवकों को पकड़ा। स्वास्थ्य विभाग की टीम को इनमें कोई लक्षण नहीं मिले। ये सभी बिना जांच कराए ही अपने रिश्तेदारों के घर रह रहे थे। जिला अस्पताल व सीएचसी आदि मिलाकर 25 लोगों की जांच की गई। इन सभी में कोरोना के लक्षण नहीं मिले। जिले में अधिकारी क्वारंटीन किए गए लोगों की जानकारी, स्वास्थ्य परीक्षण व भोजन के इंतजाम की जानकारी लेते रहे। वहीं जमातियों की तलाश में भी पुलिस-प्रशासन की टीम लगी रही।
सोमवार को ड्रग इंस्पेक्टर शहर की कुछ दुकानों पर जांच पड़ताल करने पहुंचे। ट्रैफिक चौराहे के पास की दुकान में उनकी जांच पड़ताल की प्रक्रिया को लेकर दुकानदार ने विरोध किया। दुकानदार ने आरोप लगाया कि अधिकारी उससे जबरन मास्क व सैनिटाइजर देने का दबाव डाल रहे हैं। मना करने पर धमकी दे रहे हैं कि सामग्री के ब्लैक करने की रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। दुकानदार ने बताया कि उनकी दुकान में यह सामग्री ज्यादा न होने और उचित मूल्य पर ही बेचने की बात कही। इसके लिए कई ग्राहकों से बात भी कराई लेकिन अधिकारी फर्जी आरोप लगाकर दबाव बनाते रहे। इसकी जानकारी होने पर शहर के कई और दुकानदार भी मौके पर पहुंचे और अधिकारी की कार्यशैली का विरोध किया। इसके बाद दुकानदारों ने अधिकारी पर मनमानी का आरोप लगाकर दुकानें बंद कर दी। उनके समर्थन में मुख्यालय की कई और दुकानें भी बंद हुई। इस मामले में ड्रग इंस्पेक्टर मनोज कुमार ने बताया कि आरोप गलत हैं। अभी इस संबंध में ज्यादा बात नहीं कर पाएंगे। वह जिलाधिकारी की मीटिंग में शामिल होने जा रहे हैं।
चित्रकूट। जिलाधिकारी शेषमणि पाण्डेय तथा पुलिस अधीक्षक अंकित मित्तल ने सोमवार को ट्रैफिक चौराहा, बस स्टैंड, पुरानी बाजार, बेड़ी पुलिया सीतापुर, शंकर बाजार आदि स्थानों का भ्रमण कर जनपद में लागू लॉकडाउन का निरीक्षण करते हुए जनता से अपील की है कि कोरोना वायरस की महामारी को देखते हुए घरों पर रहे। उन्होंने लोगों से आवश्यक वस्तुओं के बारे में भी जानकारी की। उन्होंने कहा कि होम डिलीवरी के माध्यम से खाद्य सामग्री आदि व्यवस्थाएं घर-घर उपलब्ध कराई जा रही हैं। सभी घर पर ही रहें। आवश्यक वस्तुओं की खरीदारी करें। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक बलवंत चौधरी, उप जिलाधिकारी कर्वी अश्वनी कुमार पाण्डेय, पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर रजनीश यादव, कोतवाली प्रभारी कर्वी अनिल सिंह, ट्रैफिक इंचार्ज योगेश कुमार यादव सहित संबंधित मौजूद रहे।
चित्रकूट। जनपद न्यायाधीश आरपी सिंह, जिलाधिकारी शेषमणि पांडेय तथा पुलिस अधीक्षक अंकित मित्तल ने सोमवार को संयुक्त रूप से जिला कारागार का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने बैरकों में कैदियों से भोजन व्यवस्था, स्वास्थ्य आदि की विस्तृत जानकारी की। उन्होंने कहा कि मास्क अवश्य लगाएं रहें तथा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें। जिला जज ने जेल अधीक्षक प्रकाश त्रिपाठी को निर्देश दिए कि कैदियों के लगातार स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाए। कोई भी कैदी बीमार नहीं होना चाहिए। निरीक्षण के दौरान एसीजीएम अरुण कुमार यादव, स्पेशल जज पास्को संजय के लाल, विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर आशुतोष कुमार सिंह, उप जिलाधिकारी कर्वी अश्विनी कुमार पाण्डेय, पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर रजनीश यादव, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली कर्वी अनिल सिंह साहित संबंधित जेल के अधिकारी मौजूद रहे।