फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chitrakoot News: बाल वैज्ञानिक बनाने में चित्रकूट मंडल ने प्रदेश में मारी बाजी, दूसरे स्थान पर रहा झांसी

Tue, 07 Oct 2025 01:25 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
विज्ञापन
विज्ञापन
चित्रकूट। विद्यार्थियों में विज्ञान और नवाचार के प्रति रुचि बढ़ाने तथा गांव स्तर पर भी बाल वैज्ञानिक तैयार करने के उद्देश्य से इंस्पायर अवॉर्ड योजना शुरू की गई है। इस योजना में नामांकन के मामले में चित्रकूट मंडल पूरे प्रदेश में अव्वल रहा और जिला प्रदेश के दूसरे पायदान पर रहा।
विज्ञापन


भारत सरकार ने विज्ञान और नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इस योजना की शुरुआत की थी। इसमें कक्षा छह से 12 तक के विद्यार्थी आवेदन कर सकते हैं। चयनित छात्रों को अपने प्रोजेक्ट के लिए मॉडल तैयार करने हेतु आर्थिक सहयोग मिलेगा और राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान भी प्रदान किया जाएगा। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू की गई थी।

अंतिम तिथि समाप्त होने के बाद सबसे अधिक नामांकन कराने वाले जिले और मंडलों की सूची जारी की गई। विद्यालयों में ऑनलाइन नामांकन कराने में झांसी मंडल पूरे प्रदेश में शीर्ष स्थान पर रहा। चित्रकूट मंडल ने 76.58 प्रतिशत नामांकन दर्ज कर प्रदेश में शीर्ष स्थान हासिल किया। यहां लक्ष्य 12,235 विद्यार्थियों का था, जिसमें 9,370 छात्रों ने ऑनलाइन नामांकन कराया। पिछले दिन की तुलना में 272 छात्रों की बढ़त दर्ज की गई।
विज्ञापन


प्रदेश स्तर पर दूसरे स्थान पर 72.66 प्रतिशत नामांकन कर जिला दूसरे स्थान पर रहा। तीसरे स्थान पर 71.79 प्रतिशत नामांकन कर अयोध्या, चौथे स्थान पर 71.53 प्रतिशत नामांकन कर बस्ती, पांचवें स्थान पर 70.12 प्रतिशत नामांकन कर लखनऊ, छठे स्थान पर मुरादाबाद, सातवें स्थान पर मिर्जापुर, आठवें पर बरेली, नौवें पर कानपुर और दसवें स्थान पर सहारनपुर रहा।

जिले की सूची में संभल ने 88.38 प्रतिशत के साथ प्रथम स्थान हासिल किया। चित्रकूट ने 85.74 प्रतिशत नामांकन कर प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा। फतेहपुर ने 84.16 प्रतिशत के साथ तीसरा स्थान, उन्नाव 84.07 प्रतिशत चौथा और कानपुर देहात 81.65 प्रतिशत पांचवां स्थान प्राप्त किया। जबकि हरदोई को 12वां, औरैया को 13वां, हमीरपुर को 22वां, महोबा को 24वां, कन्नौज को 28वां, इटावा को 34वां, जालौन को 37वां और एटा को 38वां स्थान मिला।


इनसेट में
नामांकन में यह प्रगति विद्यालयों द्वारा चलाए जा रहे जागरूकता अभियान और शिक्षकों की मेहनत का परिणाम है। इससे प्रदेश में शिक्षा की गुणवत्ता और बच्चों का विद्यालय से जुड़ाव में सकारात्मक सुधार देखने को मिला है। इस योजना के तहत विद्यार्थी न केवल विज्ञान में दक्ष होंगे, बल्कि नवाचार की ओर भी प्रेरित होंगे।
विज्ञापन

रविशंकर, डीआईओएस
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें