समायोजित शिक्षामित्रों ने शिक्षामित्र संघर्ष मोर्चा की अगुवाई में सोमवार को बैठक की। बाद में इन लोगों ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन दिया। इसमें कहा गया है कि जब तक सरकार का कोर्ट के आदेश के संबंध में अनुपालन आदेश जारी नहीं होता, तब तक कराए गए कार्य दिवसों का वेतन-मानदेय भुगतान किया जाए।
बैठक में मौजूद ज्ञानेंद्र कुमार सिंह, ललित कुमार, इंद्रसेन, सर्वेश यादव, प्रह्लाद कुमार, अनवर खां, जगदीश सिंह, संतोष कुमार, सैयद अली आदि ने कहा कि अगस्त 2014 में समायोजित शिक्षकों के अभिलेखों के सत्यापन पश्चात वेतन आहरण का आदेश दिया गया था। इसके अनुपालन में अगस्त 2015 तक का वेतन भी आहरित किया जा चुका है। पर उच्च न्यायालय के निर्णय के बाद से असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
ऐसे में कई समायोजित शिक्षक आर्थिक तंगी से परेशान हैं। शिक्षामित्रों का कहना है कि कोर्ट के निर्णय के बाद भी सरकार लगातार आश्वासन दे रही है कि शिक्षामित्र और शिक्षक अपने पदों पर कार्य करते रहेंगे।