प्रधान के परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उन्हें अंदेशा था कि उनका अपहरण किया गया है। इसलिए हमने थाने में रिपोर्ट भी दर्ज कराई लेकिन पुलिस उतनी सक्रिय नहीं हुई।
उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में एक गांव के पूर्व प्रधान की लाश बुधवार देर रात रेलवे ट्रैक पर मिलने से ग्रामीण आकोशित हो गए हैं। उन्होंने शुक्रवार की सुबह पूर्व प्रधान की लाश को नेशनल हाईवे पर रखकर प्रदर्शन किया।
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जानकारी के अनुसार, चंदौली जिले के सदर कोतवाली क्षेत्र के अमड़ा गांव निवासी पूर्व प्रधान रमेश यादव 24 मई को घर से लापता हो गए थे। बुधवार की रात सुल्तानपुर में रेलवे ट्रैक पर उनका शव मिला। परिजनों के अनुसार उनकी हत्या की गई है। पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाकर गुरुवार को ग्रामीणों ने सदर कोतवाली का घेराव किया।
प्रधान के परिजनों का कहना है कि हम लोगों को अंदेशा था कि उनका अपहरण किया गया है। इसलिए हमने थाने में रिपोर्ट भी दर्ज कराई लेकिन पुलिस उतनी सक्रिय नहीं हुई। जिसके चलते उनकी हत्या हो गई। पुलिस अधिकारियों के आश्वासन और समझाने-बुझाने पर ग्रामीण मान गए।
परिजनों ने बताया कि 24 मई को रमेश राम के मोबाइल पर कई फोन आ रहे थे। अचानक वो घर से निकले और बीती रात सुल्तानपुर से उनके शव को ट्रैक पर पड़े होने का फोन आया। परिजनों ने शिनाख्त की।