सरायमीर में मातमी जुलूस में माैजूद लोग। संवाद
मुहर्रम माह की पांचवीं तारीख पर रविवार को फूलपुर तहसील क्षेत्र में मजलिसों और जुलूसों का सिलसिला जारी रहा। मित्तूपुर, दसमड़ा, चमावा, मक्खापुर, कदरी, नाहरपुर, खपड़ा सहित कई गांवों में जुलूस निकाले गए। दसमड़ा गांव में अंजुमन गुलजार पंचतन की ओर से हजरत अली असगर का झूला निकाला गया, जिस पर अजादारों ने फूल-मालाएं चढ़ाकर अपनी अकीदत पेश की। शायर कैफी आजमी के पैतृक गांव मेजवां स्थित इमामबारगाह में अंजुमन अब्बासिया द्वारा आयोजित मजलिस को मौलाना वसी मोहम्मद खां, इमामे जुमा चमावा ने संबोधित किया। मजलिस के दौरान जब मौलाना ने इमाम हुसैन और हजरत अली असगर की शहादत का मार्मिक वर्णन किया।
सरायमीर, कोरौली व फत्तेहपुर में पांचवीं मुहर्रम पर निकला मातमी जुलूस : सरायमीर। मुहर्रम की पांचवीं तारीख पर सरायमीर नगर सहित कोरौली और कस्बा फत्तेहपुर में अकीदतमंदों ने मातमी जुलूस निकाला। जुलूस में विभिन्न अंजुमनों ने शिरकत की।
जगह-जगह सबील और नजर-नियाज का भी इंतजाम किया गया। सरायमीर चौक स्थित इमामबाड़ा तस्कीने जैनब में जुलूस से पूर्व आयोजित मजलिस को मौलाना मासूम असगर मारूफी ने संबोधित किया। संचालन मोहम्मद हुसैन सरायमीरी ने किया। जबकि अंजुमनों ने नौहाख्वानी और सीनाजनी की।
वहीं कोरौली खुर्द में पांचवीं मुहर्रम का जुलूस इमामबाड़ा अंसार हुसैन मरहूम से शबीह ताबूत और अलम के साथ निकाला गया।
मजलिस को संबोधित करते हुए मौलाना आसिफ रजा ने संबोधित किया। जुलूस में अंजुमन जाफरिया मित्तूपुर, अंजुमन हुसैनिया कोपागंज (मऊ), अंजुमन मासूमिया डिघियां और अंजुमन अब्बासिया शाहपुर ने नौहा व मातम पेश किया। इसी क्रम में कस्बा फतेहपुर में अंजुमन अजादारिया के तत्वावधान में मातमी जुलूस निकाला गया।
मजलिस को संबोधित करते हुए मौलाना फरमान हैदर ने संबोधित किया। जुलूस में अंजुमन जफरुल ईमान जलालपुर, अंजुमन जाफरिया मित्तूपुर, अंजुमन हुसैनिया पुरंदरपुर तथा अंजुमन इमामिया बिलहरी इमाम अली ने नौहाख्वानी और मातम किया।
जुलूस के समापन पर जीशान आजमी ने करबला की शहादत का बयान किया, अजादारों की आंखें नम हो गईं। संचालन अरबाज रजा आजमी ने किया।