नियामताबाद। अलीनगर थाना क्षेत्र के कटरिया गांव के समीप नेशनल हाईवे के किनारे बुधवार को जमीन पर कई नोट पड़े देखकर लोग भौचक रह गए। नोटों के संक्रमित होने की आशंका में किसी ने भी उसे हाथ नहीं लगाया । बाद में मौके पर पहुंची पुलिस नोटों को लेकर जफरपुर पुलिस चौकी पहुंची। जहां कुछ देर बाद पहुंचे एक व्यक्ति ने नोटों के गिरने की बात बताई। पुलिस ने पड़ताल के बाद सभी नोट को उसे सौंप दिया।
चंदौली निवासी दूधिया वीरेंद्र यादव रामनगर में दूध बेचते हैं। बुधवार को वह रामनगर से घर को लौट रहा था कि कटरिया गांव के समीप उसकी जेब में रखी दस रुपये के नोट की गड्डी गिर गई। दूधिया वीरेंद्र यादव आगे बढ़ गया। कुछ दूर जाने के बाद उसे रुपया गिरने का एहसास हुआ। उधर सड़क पर गिरे हुए नोटों को देखकर लोगों में अफवाह फैल गई कि कोरोना वायरस को फैलाने के लिए जानबूझकर नोटों को सड़क पर फेंके दिया गया है। बाद में लोगों ने इसकी सूचना जफरपुर पुलिस चौकी प्रभारी अतुल कुमार प्रजापति को दी। जिन्होंने कटरिया पिकेट पर तैनात आरक्षी आरएन सिंह को मौके पर भेजा। मौके पहुंचे सिपाही नोटों को लेकर पुलिस चौकी पहुंचा। उधर वीरेंद्र यादव भी नोटों को खोजते हुए कटरिया पहुंचा। जहां लोगों ने पुलिस द्वारा नोट को कब्जे में लेकर पुलिस चौकी ले जाने की बात कही। दूधिया वीरेंद्र भी तत्काल जफरपुर पुलिस चौकी पहुंचा। जहां पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद उसे सारे पैसे वापस कर दिए। इस संबंध में जफरपुर पुलिस चौकी प्रभारी अतुल कुमार प्रजापति ने बताया कि दस -दस के पच्चीस नोट थे । जिसे संबंधित व्यक्ति को पूछताछ के बाद वापस कर दिया