जिले में मान्यता से अधिक कक्षाओं का संचालन करने वाले विद्यालयों तथा बिना पंजीकरण संचालित कोचिंग संस्थानों के खिलाफ शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। सूचना विभाग की ओर से बृहस्पतिवार को जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि जांच में शिकायत सही पाए जाने पर संबंधित विद्यालयों की मान्यता समाप्त कराने तक की कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षा विभाग के अनुसार, जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से दूरभाष और लिखित माध्यम से लगातार शिकायतें मिल रही हैं कि कई विद्यालय बेसिक शिक्षा परिषद से कक्षा एक से पांच अथवा कक्षा एक से आठ तक की मान्यता प्राप्त होने के बावजूद उच्च कक्षाओं का संचालन कर रहे हैं।
वहीं कुछ कोचिंग संचालक केवल कोचिंग का पंजीकरण कराकर विद्यालय समय में कक्षाएं चला रहे हैं, जबकि कुछ संस्थान बिना पंजीकरण के संचालित हो रहे हैं।
विभाग ने इसे मान्यता और कोचिंग पंजीकरण संबंधी नियमों का उल्लंघन बताते हुए दंडनीय कृत्य करार दिया है। अधिकारियों का कहना है कि ऐसे संस्थानों के विद्यार्थियों का नामांकन और पंजीकरण अन्य मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कराया जाना भी नियमों के विपरीत है, जिससे अनियमितताओं को बढ़ावा मिल रहा है।
विभाग ने चेतावनी दी है कि निरीक्षण के दौरान यदि मान्यता से अधिक कक्षाओं का संचालन, बिना मान्यता के विद्यालय संचालन, विद्यालय समय में कोचिंग अथवा बिना पंजीकरण कोचिंग संचालित होने की पुष्टि होती है तो संबंधित विद्यालय और कोचिंग संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही जिन मान्यता प्राप्त विद्यालयों में ऐसे संस्थानों के विद्यार्थियों का पंजीकरण पाया जाएगा, उनके विरुद्ध भी कार्रवाई प्रस्तावित करते हुए माध्यमिक शिक्षा परिषद, उत्तर प्रदेश, प्रयागराज के सचिव को मान्यता समाप्त करने की संस्तुति भेजी जाएगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों में संबंधित विद्यालय के प्रबंधक और प्रधानाचार्य संयुक्त रूप से जिम्मेदार माने जाएंगे।