कंदवा। क्षेत्र के कुंवा गांव के रहने वाले संजय विश्वकर्मा (42) की शुक्रवार की सुबह सूरत गुजरात में सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। गुजरात पुलिस ने शव को कब्जे में कर पोस्टमार्टम कराकर शव को परिजनों को सौंप दिया। इसकी जानकारी गांव में मिलते ही परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों का रो रोकर बुरा हाल हो गया।
गांव निवासी उमाशंकर विश्वकर्मा का पुत्र संजय कई वर्षों से अपनी पत्नी और तीन पुत्रियों के साथ सूरत में रह कर एक साड़ी की कंपनी में कलर प्रिंटिंग का कार्य करता था। शुक्रवार की सुबह कंपनी जाते समय तेज रफ्तार पिकअप के धक्के से वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। लोगों ने उसे इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव को परिजनों को सौंप दिया। इसकी जानकारी होते ही मृतक की पत्नी व पुत्रियों उपासना (15), परिधि (12) और नौ वर्षीय साक्षी का रो रोकर बुरा हाल हो गया। अस्थि कलश को गंगा में विसर्जित करने के लिए मृतक का भाई विनय विश्वकर्मा वाराणसी के लिए निकल गया है।