नगर पालिका कार्यालय परिसर में संचालित पूर्ति, ऑडिट और डूडा कार्यालयों से अब पालिका प्रशासन किराया वसूलेगा। हाल ही में हुई नगर पालिका के जनप्रतिनिधि बोर्ड की बैठक में सभासदों ने तीनों विभागों से किराया लेने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी।
इसके बाद पालिका प्रशासन ने सितंबर से किराया वसूलने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे पालिका को सालाना 3.60 लाख रुपये की आय होगी।
नगर पालिका कार्यालय परिसर में पूर्ति, ऑडिट और डूडा के कार्यालय लंबे समय से संचालित हैं। अब तक इन विभागों से पालिका को किराये के रूप में कोई राशि नहीं दी जाती थी। हाल में हुई जनप्रतिनिधि बोर्ड की साधारण बैठक में सभासदों ने प्रत्येक कमरे का किराया 10 हजार रुपये प्रतिमाह निर्धारित करने का प्रस्ताव रखा। चर्चा के बाद बोर्ड ने इसे मंजूरी दे दी और अधिशासी अधिकारी को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
बोर्ड की मंजूरी के बाद ईओ की ओर से तीनों विभागों के संबंधित अधिकारियों को पत्र भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पालिका प्रशासन सितंबर से निर्धारित किराये की वसूली की तैयारी में जुटा है। नगर पालिका ईओ धर्मराज सिंह ने बताया कि कार्यालय परिसर में संचालित अन्य विभागों से किराया वसूली के लिए पत्र भेजा जा रहा है। सितंबर से किराया वसूले जाने की तैयारी की जा रही है।