पड़ाव। भीषण गर्मी में पड़ाव क्षेत्र के पांच गांवों में पानी बड़ी समस्या के रूप में उभरा है। सूजाबाद नगर पंचायत को टंकी सौंप देने और बढ़ी आबादी की वजह से लोगों को जरूरत के सापेक्ष पानी नहीं मिल पा रहा है। दिन में एक से दो घंटे ही आपूर्ति हो रही है। जिससे मजबूरी में लोग हैंडपंप का आर्सेनिक युक्त दूषित पानी पीने को मजबूर हैं।
सुजाबाद गांव में वर्षों पूर्व एक पानी की टंकी का निर्माण कराया गया था जिससे 10 गांव को इसी पानी टंकी से पेयजल की आपूर्ति होती चली आ रही है। कुछ महीनों से क्षेत्र के जलीलपुर, चौरहट, भोजपुर, रतनपुर और सेमरा गांव में पेयजल के लिए भारी किल्लत पैदा हो गई है। जिसके कारण ग्रामीण हैंडपंपों का दूषित जल पीने को बाध्य होते जा रहे हैं । हालांकि जलीलपुर में ट्यूबवेल वाटर प्यूरिफायर का काम चल रहा है, पर उसकी धीमी गति से पता नहीं चल रहा कि कब तक वह बन पाएगा।
गांवों में वाकई पानी की बड़ी समस्या है, जिसको लेकर हम लगातार प्रयासरत हैं। इसके लिए जलीलपुर में ट्यूबवेल में वाटर प्यूरिफायर बनाया जा रहा है। जून आखिरी या जुलाई तक वह बनकर तैयार हो सकता है। जिसके आपूर्ति से काफी सुविधा मिलेगी।-हेमंत कुमार, एक्सईएन, जल निगम