पीडीडीयू नगर। कोरोना संक्रमण काल में शहरी क्षेत्र के ठेला, खोमचा या फिर पटरी व्यवसायियों को फिर से कार्य शुरू कराए जाने के लिए बनाई गई पीएम स्वनिधि योजना बैंक प्रबंधन की आनाकानी से दम तोड़ रही है। अब तक 686 आवेदनकर्ताओं में से सिर्फ 59 लोगों का ही योजना के तहत ऋण स्वीकृत हो पाया है। इस योजना के तहत पटरी दस हजार रुपये का ऋण दिया जाना है।
कोरोना संक्रमण काल में लॉकडाउन के चलते ठेला, खोमचा व पटरी पर व्यवसाय करने वालों की पूंजी टूट चुकी है। ऐसे में लोग में ऋण देकर व्यवसाय को पटरी पर लाने के लिए जिला नगरीय विकास अभिकरण की ओर से शहरी क्षेत्र में खोमचा, ठेला व पटरी व्यवसायियों को पीएम स्वनिधि योजना के अंतर्गत आसान ऋण योजना चलाई जा रही है। इसके लिए 10 हजार के ऋण की व्यवस्था की गई। इस योजना के तहत कुल लक्ष्य 4463 के सापेक्ष 2668 लोगों ने पंजीकरण कराया है। इसमें से 686 लोगों ने आनलाइन आवेदन भी किया है। लेकिन बैंकों की जटिल प्रक्रिया व लोन देने में आनाकानी के कारण अब तक सिर्फ 59 आवेदनकर्ताओं को ही पीएम स्वनिधि योजना के ऋण स्वीकृत हो सका है। इस बारे में परियोजना अधिकारी संजय मौर्य ने बताया कि डूडा की ओर से प्रक्रिया पूरी कर बैंकों को अवगत कराया जा रहा है। कहा कि आवेदनकर्ताओं को ऋण मिलने में हो रही देरी के लिए एलडीएम के वार्ता की जा रही है।