पड़ाव। क्षेत्र के डोमरी में शिव महापुराण की कथा के समापन के बाद भीड़ उमड़ने से पड़ाव चौराहे पर भीषण जाम लग गया। हर तरफ तीन किलोमीटर तक वाहनों की कतारें लगी रहीं। सुबह 11 से शाम के पांच बजे तक लगे जाम में 20 हजार से ज्यादा वाहन और डेढ़ लाख से ज्यादा लोग फंसे रहे। यहां ऐसा नजारा पहली बार दिखा। कंधे पर गठरी और झोला लेकर हजारों महिलाएं जहां की तहां खड़ी रहीं। जब पैर जवाब दे गए तो सड़क पर ही बैठ और लेट गईं।
पड़ाव से रामनगर तक फोरलेन और पीडीडीयू नगर तक सिक्स लेन का काम चल रहा है। पड़ाव चौराहे के चौड़ीकरण का काम अभी पूरा नहीं हो पाया है। ऐसे में यहां आए दिन जाम लगता है। डोमरी में शिव महापुराण की कथा सुनने के लिए मंगलवार को करीब 4 लाख लोगों की भीड़ जुटी थी। 11 बजे कथा समाप्त होने के बाद सड़कों पर श्रद्धालुओं का रेला उमड़ने से पड़ाव चौराहे के साथ आसपास का इलाका जाम हो गया। 11 बजे से शाम पांच बजे तक लोग ड़ेढ़ लाख से ज्यादा लोग जाम में जूझते रहे। वहीं, पड़ाव से मुगलसराय, रामनगर और वाराणसी रूट की सड़कों पर 20 हजार से ज्यादा वाहनों की कतारें लगी रहीं। जब हिम्मत जवाब देने लगी तो महिलाएं सड़क के किनारे बैठ गईं। शाम पांच बजे यातायात सामान्य होने के बाद लोग घंटों वाहनों का इंतजार करते रहे।
पुलिस ने 35 स्कूली बसें लगवाकर लोगों को गंतव्य तक पहुंचाया
कथा समापन के बाद पड़ाव चौराहे पर एक से डेढ़ लाख लोगों की भीड़ जुटी तो सवारी वाहन कम पड़ गए। तीन से चार घंटे तक लोग इधर-उधर भटकते रहे। हजारों महिलाएं थककर सड़क किनारे बैठ गई तो कुछ बच्चों को लेकर लेट गईं। सवारी वाहन न मिलने से लोग परेशान थे। इसके बाद चंदौली पुलिस ने पास की जैयपुरिया, सनबीम और एंबिसन स्कूल से संपर्क कर 35 बसें मंगवाई और लोगों को रेलवे स्टेशन, बस अड्डे पहुंचाया।
एक प्लाटून पीएसी, सीओ, तीन इंस्पेक्टर ने संभाली व्यवस्था
डोमरी में कथा के समापन के बाद भीड़ उमड़ने का अंदेशा चंदौली पुलिस को पहले से था। इसलिए चंदौली के डिप्टी एसपी विनय सिंह सुबह 10 बजे ही चौराहे पर पहुंच गए और जाम हटने तक डटे रहे। उनके साथ यातायात व्यवस्था संभालने के लिए एक प्लाटून पीएसी, तीन इंस्पेक्टर समेत 40 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। पीडीडीयू नगर मार्ग पर डांडी तक, रामनगर मार्ग पर सेमरा तक बैरिकेडिंग कराई गई थी।
कोट
डोमरी में कथा के समापन के बाद भीड़ जुटने का अंदेशा था। इसलिए पहले से एक प्लाटून पीएसी, सीओ और इंस्पेक्टर समेत पुलिसकर्मी लगाए गए थे। सभी वाहनों को धीरे-धीरे पास कराया गया। लोगों को स्कूली बसों से रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पहुंचाया गया। - विनय सिंह, डिप्टी एसपी, चंदौली