कमलजीत सिंह पीडीडीयू नगर। जिले में मिलावटखोरों को जाल पूरी तरह से फैल चुका है। मिलावटखोर लोगों के जान से खेलने से भी नहीं चूक रहे हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग एवं औषधि प्रशासन की ओर से नौ माह में लिए विभिन्न खाद्य सामब्रियों के 208 नमूनों में से 12 नमूने की रिपोर्ट बहुत ही खराब आई है।
रिपोर्ट के अनुसार इसमें शामिल पनीर, बर्फी, रिफाइंड तेल, मसाला, नमकीन आदि सामान खाने लायक नहीं है। इस मामले में विभाग ने आठ के खिलाफ सीजेएम कोर्ट में मुकदमा पंजीकृत कर दिया हैं। वहीं शेष चार के खिलाफ भी जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।
जिले में पनीर से लेकर मिठाई और रिफांइड ऑयल तक में मिलावट हो रही है। खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से एक वर्ष में 498 दुकानों समेत खाद्य सामाग्रियों से जुड़ी फैक्टिरियों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान टीम 208 नमूने जांच के लिए भेजे गए।
इसमें अब तक 127 नमूनों की रिपोर्ट आ चुकी है। इसमें 12 नमूने खतरनाक साबित हुए है। इसमें आठ नमूनों पर सीजेएम कोर्ट में विभाग की ओर से मुकदमा दायर कर दिया गया है। शेष चार रिपोर्ट पर अधिकारी संस्तुति के बाद मुकदमा कायम कर दिया जाएगा।
आठ नमूनों में पनीर के दो, बर्फी का एक, रिफाइंड ऑयल का एक, बिना खोवे की मिठाई के एक, मसाले के एक और नमकीन के दो नमूनों शामिल हैं।
इसके अलावा 51 नमूने अवमानक निकले है और 64 नमूने भी अनब्रांड हैं। इन सभी के खिलाफ एडीएम कोर्ट में मामले दाखिले किये गये हैं। इसमें 12 मामले में एडीएम कोर्ट की ओर से दो लाख पांच हजार रुपये की पैनल्टी लगाई है।