कंदवा। क्षेत्र के लक्ष्मनपुर दोहरे हत्याकांड में फरार चल रहे महुंजी गांव निवासी प्रत्युष सिंह के घर डुगडुगी बजाकर और इश्तहार चिपकाकर कुर्की की चेतावनी के एक माह बाद भी फरार अभियुक्त का पता नहीं चल पाया और न ही पुलिस ने कुर्की की ही कार्रवाई ही है। इसे लेकर पीड़ित परिवारों में रोष व्याप्त है तो वहीं क्षेत्र में तरह तरह की चर्चाएं जारी हैं।
बरहनी विकास खंड के लक्ष्मनपुर गांव में पिछले वर्ष 29 अक्तूबर को गली के विवाद में दो लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पीड़ितों ने कन्दवा थाने में चार लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। नामजद चार आरोपियों में से दो लोगों को तो पुलिस ने जेल भेंज दिया था और एक आरोपी की पुलिस अभिरक्षा में वाराणसी के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था । यहां ठीक होने के बाद पुलिस ने उसे भी जेल भेज दिया । लेकिन एक नामजद आरोपी महुंजी गांव निवासी प्रत्युष सिंह घटना के बाद से ही अब तक फरार चल रहा है । इससे परेशान पुलिस ने फरार आरोपी के खिलाफ न्यायालय से धारा 82 के तहत कार्रवाई का आदेश प्राप्त किया था और बीते माह 14 दिसंबर को उसके घर पहुंचकर इश्तहार चिपका कर और डुगडुगी बजाकर घर वालों से अभियुक्त को हाजिर कराने का निर्देश दिया था ,लेकिन एक माह बाद भी न तो अभियुक्त हाजिर हुआ न ही पुलिस ने कुर्की ही कार्रवाई की । इसे लेकर पीड़ित परिवार में जबरदस्त आक्रोश व्याप्त है । पुलिस की निष्क्रियता को लेकर क्षेत्र में तरह- तरह की चर्चा है।