पीडीडीयू नगर। जिले में अपराध नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लाखों रुपये खर्च कर लगाए गए सीसीटीवी कैमरे खुद अपनी सुरक्षा के मोहताज हैं। पं. दीनदयाल उपाध्याय नगर में सड़कों पर लगाए गए 10 सीसीटीवी कैमरे गायब हो गए हैं।
वहीं, प्राचीन काली मंदिर के पास जिला पंचायत के सहयोग से लगाया गया वाई-फाई आधारित फुल एचडी कैमरा सड़क चौड़ीकरण के दौरान तार कट जाने से बंद पड़ा है।
जिले में 50 से ज्यादा कैमरे नेटवर्क में गड़बड़ी तो रिचार्ज खत्म होने के कारण बंद पड़े हैं। ऐसे में आपराधिक की घटनाओं की जांच के लिए निजी मकानों, प्रतिष्ठानों पर लगे कैमरों पर पुलिस निर्भर है। पीडीडीयू नगर में मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के पुराने काली मंदिर के पास जिला पंचायत के सहयोग से लगाया गया फुल एचडी वाई-फाई आधारित कैमरा सड़क चौड़ीकरण के दौरान तार कट जाने से लंबे समय से बंद पड़ा है। इसके अलावा पुलिस की ओर से वर्ष 2023 में ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत जीटी रोड डिवाइडर पर बिजली के खंभों पर 10 कैमरे लगाए थे लेकिन वे गायब हो गए हैं।
स्थिति यह है कि जीटीआर ब्रिज से चंदासी पुलिस चौकी तक एक भी सरकारी सीसीटीवी कैमरा फिलहाल काम नहीं कर रहा है।
ऐसे में कोई अपराध होता है तो पुलिस को परेशानी होती। चहनिया क्षेत्र की स्थिति भी बेहतर नहीं है। पूरे थाना क्षेत्र में केवल बलुआ और चहनिया चौराहे पर ही सीसीटीवी कैमरे लगे हैं।
हाल के दिनों में चोरी और छिनैती की कई घटनाओं के बाद पुलिस को निजी मकानों के कैमरों पर निर्भर रहना पड़ा। कैमरे न होने से आरोपियों की पहचान और उनकी गतिविधियों का पता लगाने में कठिनाई हो रही है।
उधर, धीना थाना परिसर का एक सीसीटीवी कैमरा खराब पड़ा है। कमालपुर और अवहीं पुलिस चौकियों में अब तक सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब पुलिस स्वयं अपने परिसरों में निगरानी व्यवस्था दुरुस्त नहीं रख पा रही है तो आम लोगों को कैमरे लगाने की सलाह देने का असर भी कम होता है।
चहनियां चौराहे पर खराब पड़ा सीसीटीवी कैमरा। संवाद