शहर के आसपास काली नदी के जहरीले पानी से बेरोकटोक फसलों को सींचा जा रहा है। ऐसे पानी से सिंची गई सब्जियों का सेवन करने से आपकी सेहत खराब हो सकती है। लिहाजा, आप सब्जियों की खरीद थोड़ी पड़ताल के बाद करें तो बेहतर होगा।
गुलावठी, अगौता, बुलंदशहर, शिकारपुर, पहासू और दानपुर क्षेत्र से काली नदी गुजर रही है। काली नदी के दोनों साइडों में सब्जियों की खेती बड़े स्तर पर की जाती है। सिंचाई के लिए साफ पानी का बंदोबस्त नहीं होने से किसान पंप सैट को काली नदी के किनारे स्थापित कर फसलों की सिंचाई करते हैं।
ऐसा एक दो जगह नहीं हो रहा है, बल्कि जहां जहां से काली नदी निकल रही है वहां पर दूषित पानी से सब्जियां उगाई जा रही हैं। बता दें कि काली नदी का पानी बेहद दूषित हो चुका है। काली नदी के दूषित पानी में हैवी मैडल जैसे आर्सेनिक, फ्लोराइड, लेड क्रोमियम, कैडमियम जैसे रासायनिक तत्व पाए गए हैं। यदि हानिकारक तत्वों वाले पानी से फसलों को सींचा जाएगा तो पानी के साथ पौधे हैवी मेटल पर अवशोषित कर लेता है।
ऐसी सब्जियों का लगातार सेवन सेहत को बिगाड़ देता है। वहीं, जिला उद्यानअधिकारी एसके गुप्ता ने बताया कि काली नदी के पानी से यदि फसलों को सींचा जा रहा है तो यह गलत है। इस मामले की जांच कराई जाएगी।