बुलंदशहर। नगर पालिका की खोई व कब्जा की हुई जमीनों को चिन्हित करने की जिम्मेदारी सेवानिवृत्त लेखपालों को दी गई है। नगर पालिका अधिकारियों ने शहरी क्षेत्र के 10 गांवों व मोहल्लों में जमीन की तलाश के लिए सर्वे शुरू करा दिया है। सेवानिवृत्त लेखपालों को तैनात करने के लिए बोर्ड बैठक से भी स्वीकृति मिल चुकी है।
शहर में विभिन्न गांवों व मोहल्लों में नगर पालिका की जमीन है। दस्तावेज में भले ही जमीन नगर पालिका के नाम पर दर्ज है लेकिन अधिकारियों को इसकी स्थिति और चिन्हीकरण की जानकारी नहीं है। ऐसे में कई स्थानों पर नगर पालिका की जमीन पर अवैध कब्जा हो चुका है। बुधवार को लेखपालों की एक टीम ने नगर के टांडा क्षेत्र में सर्वे किया। बताया जा रहा है कि 10 हजार मीटर से अधिक जमीन पर अवैध कब्जा हो चुका है। ऐसे में अब इस कब्जे को हटवाने के लिए नगर पालिका अधिकारियों को काफी मशक्कत करनी पड़ेगी। अधिकारियों के मुताबिक कस्बा बरन, गांव वलीपुरा, नयागांव, हीरापुर, टांडा, भूड़, अकबरपुर, चांदपुर, मऊखेड़ा और बहलीमपुरा गांवों में नगर पालिका की जमीन दस्तावेज में उपलब्ध है, लेकिन अभी तक यहां जमीन को चिन्हित नहीं किया गया है।
दो सेवानिवृत्त लेखपाल किए जाएंगे तैनात
अभिलेखों में नगर पालिका के नाम पर दर्ज जमीन की तलाश के लिए दो सेवानिवृत्त लेखपाल तैनात किए जाएंगे। इसके लिए नगर पालिका बोर्ड बैठक से प्रस्ताव पास हो चुका है। सेवानिवृत्त लेखपाल दस्तावेज का अध्ययन करते हुए नगर पालिका की खोई जमीन को चिन्हित करते हुए उसे खाली कराने के लिए अधिकारियों के साथ योजना तैयार करेंगे।
नगर पालिका की जमीन को चिन्हित करने के लिए सेवानिवृत्त लेखपाल रखे जाएंगे। जमीन का सर्वे शुरू कराया गया है। दस गांवों व मोहल्लों में जमीन की तलाश की जानी है। जल्द ही सभी संपत्तियों को कब्जा मुक्त करा लिया जाएगा। - डाॅ. अश्वनी कुमार सिंह, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका