भाई-भाभी के बीच सुलह कराने ससुराल पहुंचे देवर के मर्डर का मामला सवा साल बाद दर्ज किया गया। कोर्ट के आदेश पर दर्ज की गई रिपोर्ट में जिंदा जलाकर मारने का आरोप भाभी और उनके पिता समेत पांच लोगों पर लगाया गया है।
पीड़ित रामनगर मोहल्ले के रहने वाले महेंद्र सिंह के अनुसार उसके बड़े बेटे मुकेश की शादी भीमनगर निवासी संगीता बेटी राजकुमार से 7 नवंबर 2011 को हुई थी। शादी के कुछ दिन से ही बाद के बीच हो गई थी।
इसके बाद संगीता अपने मायके भीमनगर में आकर रहने लगी थी। दिनांक 17 नवंबर 2014 को मुकेश तथा उसका छोटा भाई प्रसन्नजीत और उनकी बहने सुलह के लिए संगीता के घर पहुंचे थे।
बातचीत के दौरान कहासुनी होने पर संगीता व उसके परिजनों ने मिलकर मुकेश व प्रसन्नजीत के साथ मारपीट की। इसके बाद प्रसन्नजीत पर मिट्टी का तेल उड़ेलकर आग लगा दी।
प्रसन्नजीत को गंभीर हालत में मेरठ के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां प्रसन्नजीत ने दम तोड़ दिया। इसकी सूचना गुलावठी पुलिस को दी गई लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की।
एसएसपी को भी प्रार्थना पत्र दिया गया। जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो पीड़ित परिववार ने कोर्ट की शरण ली। अब कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों राजकुमार, राजेश, प्रदीप, संगीता एवं हरपाली निवासीगण मोहल्ला भीमनगर को नामजद कर लिया है।