किशोरी के अपहरण के दोषियों को सात-सात साल की सजा
बुलंदशहर। किशोरी के अपहरण के मामले में कोर्ट ने दो आरोपियों को दोषी ठहराते हुए सात-सात साल की सजा सुनाई है। दोनों पर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। कोर्ट के फैसले पर परिजनों ने खुशी जाहिर की है।
विशेष लोक अभियोजक वरुण कौशिक ने बताया कि वर्ष 2015 में खुर्जा नगर क्षेत्र से 17 वर्षीय किशोरी को अगवा किया गया था। शिकायत पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी सचिन निवासी गांव नंगला शेखू और मनोज निवासी गांव पुवइया जहांगीरपुर थाना जेवर को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जांच के बाद पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। पुलिस ने प्रकरण को जिलास्तर पर घटित गंभीर प्रकरणों की श्रेणी में रखते हुए न्यायालय में प्रभावी पैरवी की। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश/अतिरिक्त पॉक्सो एक्ट कोर्ट संख्या एक ध्रुव राय के न्यायालय में हुई। अदालत ने गवाहों के बयान, साक्ष्यों, दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलों को सुनकर आरोपी सचिन एवं मनोज को दोषी पाया। दोनों आरोपियों को सात-सात साल की कैद और 20-20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।