गोशाला में गोवंश दाखिल करने के विवाद में पशु चिकित्सक को पीटा
औरंगाबाद। गांव दौलताबाद-रामगढ़ की अस्थाई गोशाला में गोवंश दाखिल करने के विवाद के बाद पशु चिकित्सक को पीटने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि चिकित्सक ने एक कमरे में घुसकर अपनी जान बचाई।
लखावटी पशु चिकित्सक डाक्टर चंद्रजीत सिंह ने थाने में तहरीर देकर बताया कि मंगलवार की शाम बीबीनगर ब्लॉक के एक गांव का प्रधान दो गाड़ियों में दो दर्जन से अधिक गोवंशों को भरकर दौलताबाद-रामगढ़ स्थित गोशाला पहुंचा था। दूसरे गांव के पूर्व प्रधान के सहयोग से जबरन उन्हें गोशाला में दाखिल करना चाहता था। केयर टेकर ने उन्हें बताया कि चिकित्सक ही दाखिल कर सकते हैं। सूचना पर वह पहुंचे और बिना सीडीओ की अनुमति के गोवंशों को दाखिल करने से इनकार कर दिया। इस पर प्रधान और पूर्व प्रधान ने अभद्रता शुरू कर दी तो वह ब्लॉक परिसर स्थित कार्यालय में आ गए। इस बीच प्रधान और पूर्व प्रधान ने फोन पर सीडीओ से गोवंशों को दाखिल करने की अनुमति ली। इसके बाद आरोपी तीन चार अन्य लोगों को लेकर कार्यालय पहुंचे और उनकी पिटाई कर दी। उन्होंने कार्यालय में घुसकर जान बचाई। आरोप है कि आरोपी जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गए।
वसूली कर रहा था पूर्व प्रधान
घटना के बाद चिकित्सक डाक्टर चंद्रजीत सिंह सीडीओ कार्यालय पहुंचे और घटना की जानकारी दी। आरोप लगाया कि पूर्व प्रधान प्रति गोवंश एक हजार रुपये की वसूली कर गोवंशों को दाखिल करा रहा था। औरंगाबाद थाने के एसओ प्रताप सिंह ने बताया कि चिकित्सक की तहरीर मिल गई है। आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही है।
पहले भी जेल जा चुका है पूर्व प्रधान
पशु चिकित्सक को पीटने का आरोपी पूर्व प्रधान पहले भी कई बार जेल जा चुका है। उस पर ग्राम पंचायत सचिव की पिटाई का भी आरोप लगा था। बुलंदशहर के एक शिक्षक के मुंह पर कालिख पोतकर उन्हें गधे पर बैठाकर घुमाया था। दोनों ही मामलों में वह जेल जा चुका है।