अनूपशहर। पहाड़पुर गांव में झाड़-फूंक के चक्कर में पड़ने से उल्टी-दस्त से पीड़ित किशोरी की मौत का मामला सामने आया है। पहले उसे मेरठ के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। थोड़ा सुधार होने पर बुधवार को परिजन घर ले आए। स्थिति फिर बिगड़ने पर बृहस्पतिवार सुबह पास के गांव में तांत्रिक से झाड़-फूंक कराने पहुंच गए। इसी दौरान उसकी मौत हो गई।
बताया गया कि शिवानी (14) को एक सप्ताह पहले बुखार शुरू हुआ था। तब उसका उपचार गांव के ही झोलाछाप से कराया गया। बुखार में कुछ सुधार होने के बाद उल्टी दस्त होने लगे। आराम नहीं होने पर परिजन रविवार को उसे मेरठ लेकर गए। वहां उसका उपचार कराया गया। थोड़ा आराम होने पर बुधवार को गांव ले आए थे। गांव के लोगों ने बताया कि बृहस्पतिवार को सुबह फिर से शिवानी की तबीयत बिगड़ने लगी। उसके बाद परिवार के लोग उसे पास के गांव में तांत्रिक के पास लेकर गए थे। वहीं पर झाड़-फूंक के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत के बाद से परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लोगों ने इस बारे में कुछ भी बताने से इन्कार कर दिया।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तौली के प्रभारी चिकित्साधिकारी ने मुख्य चिकित्साधिकारी को घटना की जांच करके रिपोर्ट भेजी है। रिपोर्ट में लिखा है कि उल्टी-दस्त और ग्राम बच्चीखेड़ा में झाड़-फूंक का कराने के कारण किशोरी की मौत हुई है। सीएमओ डा. विनय कुमार सिंह ने बताया कि शिकायत मिलने पर पूरे प्रकरण की जांच कराई थी। जांच रिपोर्ट में झाड़-फूंक और उल्टी-दस्त के कारण मौत होने की बात सामने आई है।