कस्बे में डेढ़ दर्जन डकैतों ने सोमवार देर रात हथियार के बल पर तीन घरों में ताबड़तोड़ डकैती की वारदात को अंजाम दिया।
विरोध करने पर डकैतों ने परिजनों को तमंचे के बट और सरिए से पिटाई कर घायल कर दिया। फिर बंधकर बनाकर लाखों की नगदी और गहने लूट ले गए।
इस दौरान डकैतों ने कस्बे के दर्जन भर घरों के बाहर से कुंडी चढ़ा रखी थी, ताकि वारदात के दौरान कोई बाहर न निकल पाए। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस ने मौके का मुआयना किया है।
पुलिस के अनुसार हथियारों से लैस करीब डेढ़ दर्जन डकैत नेशनल पब्लिक स्कूल के पास मोहल्ला सराय बैरूनी में किन्नरों के दो मंजिलें घर में नसेनी के सहारे चढ़कर दाखिल हो गए।
इसके बाद नकाबपोश डकैतों ने हाजी किन्नर के बारे में पूछताछ कर प्रथम तल पर सो रहे अकील तथा अजीत को बंधक बनाकर गहने उतरवा लिए।
दूसरे कमरे में किन्नर डॉली, हाजी की बेटी कपसा व अन्य चार लोगों सो रहे थे। डकैतों ने सभी को हथियार के बल पर बंधकर बनाकर मारपीट की।
इसके बाद अलमारी से नगदी और गहने लूट लिए। फिर डकैत पड़ोसी सगीर अहमद के बेटे के घर के छत पर चढ़कर अंदर दाखिल हो गए।
इसके बाद परिजनों को तमंचे के बल पर बंधक बना लिया। परिजन गुड्डू व रिहाना ने पुलिस को बताया कि डकैत अनवार के निकाह के लिए खरीदे गए लाखों रुपये के जेवर तथा 25 हजार की नगदी और कीमती कपड़े लूट लिए।
इसके बाद डकैत पास के असफाक खॉ के घर में घुस गए। असफाक की पत्नी बेगम रहीसन ने पुलिस को बताया कि डकैतों ने उनकी 15 वर्षीय बेटी तमन्ना और भाई मुकील को चारपाई से बांध दिया।
फिर तमंचा सटाकर घरों की चाबी रहीसन से ले ली। इसके बाद कमरे में रखे 26 हजार की नगदी तथा एक तोले सोना व एक किलों चांदी के जेवर लूट लिए।
पीड़ितों का कहना है कि किन्नर हाजी आशा मध्य प्रदेश के इंदौर में किन्नर सम्मेलन में शामिल होने गई है। उनके लौटने के बाद ही पुलिस को तहरीर दी जाएगी।