टैक्सी चालक की हत्या के मामले में फरार इनामी हरेंद्र फौजी की पत्नी को पुलिस ने रविवार शाम सैदपुर स्थित उसके मायके से गिरफ्तार कर लिया है। महिला का पति समेत तीन आरोपी पहले ही हत्या के मामले में जेल में हैं।
अहमदगढ़ थाना क्षेत्र के मोरजपुर गांव निवासी चंद्रवती पत्नी महिपाल ने 20 जून 2015 को अपने बेटे हेमंत राघव की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। 21 जून को टैक्सी चालक हेमंत राघव की लाश जहांगीराबाद थाना क्षेत्र में मिली थी।
विवेचना में नीलम चौधरी, हरेंद्र फौजी, भोले और बादल के नाम सामने आए थे। पुलिस ने नीलम के अलावा तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। कुछ माह बाद एसएसपी ने विवेचना अहमदगढ़ थाना पुलिस को ट्रांसफर कर दी थी।
फरार चल रही नीलम चौधरी के खिलाफ पुलिस ने कुर्की की भी की थी। इसके बाद एसएसपी ने नीलम पर पांच हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था।
एसओ अहमदगढ़ महावीर सिंह ने बताया कि रविवार शाम सूचना मिली कि नीलम पत्नी हरेंद्र फौजी निवासी कुतुबपुर थाना शिकारपुर अपने मायके सैदपुर में आई है।
पुलिस ने दबिश देकर नीलम को गिरफ्तार कर लिया। एसओ ने बताया कि इससे पहले वर्ष 2012 में अहार थाना क्षेत्र में हुए डबल मर्डर में भी नीलम जेल गई थी। जमानत पर बाहर आने के बाद उसने हेमंत की हत्या की वारदात को अंजाम दिया था।