सोमवार दोपहर एक स्कूल बस और ट्रैक्टर में हुई भिड़ंत में छात्र की मौत के मामले में पुलिस ने मृतक के पिता की तहरीर पर स्कूल प्रबंधक और ट्रैक्टर चालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। वहीं पुलिस अधिकारियों और नेताओं द्वारा कार्र्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने सोमवार रात 5.30 घंटे बाद जाम खोला।
परिजनों ने रात में ही गमगीन माहौल में शव का अंतिम संस्कार कर दिया। वहीं डीएम के आदेश पर एसडीएम व एआरटीओ के नेतृत्व में टीम ने मंगलवार दोपहर स्कूलों में जाकर 36 अनफिट वाहनों को सीज कर दिया। बता दें कि सोमवार दोपहर क्षेत्र के गांव शेखुपुर रौरा स्थित बीके पब्लिक इंटर कॉलेज की मिनी बस की सामने से आ रही ट्रैक्टर-ट्रॉली से टक्कर हो गई थी।
जिससे बस में बैठे तृतीय कक्षा के छात्र प्रीत की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि बस का चालक यतेंद्र, छात्रा अर्चना व तनु समेत कई छात्र-छात्राएं घायल हो गए थे। इन घायलों में चालक यतेंद्र व छात्रा अर्चना अभी भी जिला अस्पताल में भर्ती हैं।
प्रीत की मौत पर कई गांवों के लोग सड़क पर उतर आए और उन्होंने बुलंदशहर-अनूपशहर मार्ग पर जाम लगा दिया। एसडीएम व सीओ ने ग्रामीणों से जाम को खुलवाने की कई दौर की वार्ता की, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। सूचना पर विधायक गजेंद्र सिंह, रालोद जिलाध्यक्ष राजीव चौधरी व जिला पंचायत सदस्य सुनील चरौरा भी रात में मौके पर पहुंचे।
उन्होंने ग्रामीणों को कार्रवाई का आश्वासन देकर करीब 5.30 घंटे लगा जाम खुलवा दिया। वहीं पुलिस ने पिता रवि पुत्र सुखपाल सिंह की तहरीर पर काॅलेज प्रबंधक अखंड प्रताप सोलंकी उर्फ अन्नू व आरोपी ट्रैक्टर चालक जितेंद्र उर्फ जीतू पुत्र राजेंद्र निवासी शेखुपुर रौरा के खिलाफ लापरवाही की रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
कोतवाल प्रभात कुमार ने बताया कि छात्र के पिता की तहरीर पर स्कूल प्रबंधक अखंड प्रताप सोलंकी व ट्रैक्टर चालक जितेंद्र के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। दोनों फरार हैं।
आरटीओ से जवाब तलब
जिलाधिकारी शुभ्रा सक्सेना ने इस पूरे प्रकरण को गंभीर मानते हुए आरटीओ विभाग से स्पष्टीकरण मांगा है। वहीं मंगलवार को एसडीएम अरुण यादव व एआरटीओ आरके वर्मा के नेतृत्व में एक टीम ने जहांगीराबाद में अभियान चलाया। उन्होंने कई स्कूलों में पहुंचकर उनके वाहनों की फिटनेस, चालकों का लाइसेंस व वाहन की स्थिति का निरीक्षण किया।
टीम की कार्रवाई की खबर मिलने पर कई स्कूलों के वाहन उनके चालक भगा कर ले गए। एसडीएम अरुण यादव व एआरटीओ ने बताया कि अभियान में टीम ने कई स्कूलों के ऐसे 36 वाहनों को सीज किया है, जिनमें तमाम खामियां थीं। उन्होंने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।