ककोड़ थाना क्षेत्र के गांव शेरपुर में मृतक ओमप्रकाश की गमजदा पत्नी और परिजन बैठे हुए। संवाद
ककोड़। ऊर्जा निगम में संविदा पर तैनात लाइनमैन ओमप्रकाश सिंह (37) ने मंगलवार शाम पत्नी पर चाकू से जानलेवा हमला करने के बाद जान दे दी। बुधवार सुबह उसका शव घर से करीब आधा किलोमीटर दूर आम के बाग में पेड़ पर लटका हुआ मिला है। बताया जा रहा है कि वह अधिक कर्ज होने की वजह से डिप्रेशन का शिकार हो गया था।
थाना क्षेत्र के गांव शेरपुर निवासी ओमप्रकाश ककोड़ विद्युत उपकेंद्र पर तैनात था। पत्नी और दो बच्चों के साथ रहता था। बताया गया कि मंगलवार की रात करीब 8:30 बजे किसी बात को लेकर उसका पत्नी दुर्गेश के साथ विवाद हो गया। इसके बाद ओमप्रकाश ने पत्नी पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया। चाकू दुर्गेश की गर्दन और हाथ में लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई। दुर्गेश के शोर मचाने पर पास में ही रह रहे ओमप्रकाश के भाई और अन्य परिजन पहुंच गए। घटना के बाद ओमप्रकाश घर से कहीं चले गए। परिवार वालों ने स्थानीय चिकित्सक के यहां दुर्गेश का उपचार कराया। ओमप्रकाश के भाई नीरज ने बताया कि उसका मोबाइल फोन भी बंद था। रात में काफी देर तक नहीं लौटा तो वे लोग तलाश के लिए निकले लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला।
बुधवार सुबह कुछ ग्रामीणों ने ओमप्रकाश का शव गांव के बाहर आम के बाग में पेड़ से लटका हुआ देखा। जिसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को पेड़ से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया आत्महत्या का मामला लग रहा है। परिजनों की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई है।
आए दिन होता था विवाद
परिजनों ने बताया कि ओमप्रकाश की थाना जहांगीरपुर क्षेत्र के गांव नवीन नगर निवासी दुर्गेश के साथ 13 साल पहले शादी हुई थी। उसकी 11 वर्ष की बेटी कार्तिका, आठ वर्ष का बेटा कार्तिक है। ओमप्रकाश का पत्नी से आए दिन किसी न किसी बात को लेकर विवाद होता था। अन्य परिजनों से भी उसकी नहीं बनती थी। बिना किसी कारण के ही लड़ना शुरू कर देता था। बताया जा रहा है कि उसने कई जगह से कर्ज ले रखा था। कुछ दिन से डिप्रेशन में था। नशा भी करता था। उसकी हरकतों से लोग परेशान थे। लोगों का कहना है कि कई बार जान देने की धमकी दे चुका था।
शव पोस्टमार्टम को भेज दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। रिपोर्ट आने पर मौत का सही कारण स्पष्ट हो सकेगा। प्रथम दृष्टया मामला पत्नी पर हमला करने के बाद आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। - पूर्णिमा सिंह, सीओ सिकंदराबाद।