16 माह से मेरठ-खुर्जा ट्रेन के इंतजार में हैं यात्री
बुलंदशहर। कोरोना संक्रमण की पहली लहर के दौरान बंद हुई पैसेंजर ट्रेन का अभी तक संचालन शुरू नहीं हो सका है। पैसेंजर ट्रेन नहीं चलने से यात्रियों को बसों व डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है। गत वर्ष 21 मार्च 2020 की रात्रि से संचालन बंद कर दिया गया था। जो अभी तक बंद चल रहा है।
बुलंदशहर स्टेशन से खुर्जा-मेरठ रेलवे ट्रैक पर तीन जोड़ी पैसेंजर ट्रेनों का संचालन होता है। इसमें बुलंदशहर और खुर्जा रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन हजारों यात्री मेरठ और हापुड़ के विभिन्न क्षेत्रों के लिए आवागमन करते हैं, लेकिन गत वर्ष कोरोना संक्रमण के चलते 22 मार्च को लगे जनता कर्फ्यू को सफल बनाने के लिए 21 मार्च की रात्रि से तीनों जोड़ी पैसेंजर ट्रेनों का संचालन बंद कर दिया गया। 16 माह बाद भी पैसेंजर ट्रेन न शुरू होने से यात्रियों की जेब पर भारी पड़ रही है। बुलंदशहर से हापुड़-मेरठ जाने के लिए ट्रेन में जहां 10 से 20 रुपये में यात्रा हो जाती थी। वहीं, अब 70 से 100 रुपये तक खर्च करने पड़ रहे हैं। डीआरयूसी उत्तर रेलवे के पूर्व सदस्य वीरपाल सिंह ने बताया कि 20 दिन पूर्व बुलंदशहर से चलने वाली शटल ट्रेन का संचालन शुरू हो गया है। अब खुर्जा-मेरठ पैसेंजर ट्रेन का संचालन भी शुरू कर देना चाहिए। इससे जिले के लोग आसानी से मेरठ तक का सफर तय कर सकेंगे। स्टेशन अधीक्षक भूपेंद्र कुमार ने बताया कि खुर्जा-मेरठ पैसेंजर ट्रेन का संचालन जल्द शुरू होने की संभावना है। पैसेंजर ट्रेन को चलवाने के लिए बोर्ड को पत्र भेजा जा चुका है।