जनपद में खाद्य पदार्थों में मिलावट का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को आई रिपोर्ट में 13 खाद्य पदार्थों के सैंपल फेल निकले। इसमें बेसन में कीड़े तो सरसों के तेल में केमिकल वाले रंग मिले। वहीं, घी, दूध, दही और बूंदी केे लड्डू सब स्टैंडर्ड पाए गए हैं।
फूड सेफ्टी विभाग ने गत फरवरी में खाद्य सामग्री के सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा था। जिसकी रिपोर्ट बृहस्पतिवार को जिला मुख्यालय पहुंची। डीओ ने बताया कि बेसन में कीड़े और घुन पाए गए हैं। वहीं, वरुण गोल्ड ब्रांड के सरसों के तेल में केमिकल रंगों को प्रयोग किया गया है।
सरसों के तेल के दो नमूनों की रिपोर्ट सब स्टैंडर्ड है। एक लोकल पेय पदार्थ में वायलेशन रूल का उल्लंघन मिला। दूध के तीन सैंपल सब स्टैंडर्ड पाए गए। दूध मे वसा की मात्रा सामान्य से कम थी।
बूंदी का लड्डू इडीबेल वेजीटेबिल ऑयल से बना निकला। कुल मिलाकर 13 नूमने मानक पर खरे नहीं हैं। 11 नमूने अधोमानक और मिस ब्रांड हैं। बता दें कि अनसेफ मामले सिविल कोर्ट में दायर किए जाएंगे।
13 नमूने शुद्धता की कसौटी पर खरे नहीं उतरे हैं। मिलावटखोरों को जल्द ही नोटिस भेजे जाएंगे। नोटिस की कार्रवाई के बाद अदालत में वाद दायर कराया जाएगा। - रणधीर सिंह, डीओ, बुलंदशहर
मिलावटी खाद्य सामग्री के सेवन से किडनी और लीवर में संक्रमण की संभावना बढ़ जाती है। गर्मियों में ऐसे भोजन के सेवन से फूड प्वाइजनिंग भी हो जाता है। - डॉ. अशोक तालियान, डिप्टी सीएमओ, बुलंदशहर