आकाश गुप्ता का स्वागत करते परिवार के लोग। संवाद
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बदायूं। युद्धग्रस्त यूक्रेन के अलग-अलग शहरों में रह कर एमबीबीएस की पढ़ाई करने वाले बदायूं के आठ छात्र और दो छात्रों की वतन वापसी हो गई है। सोमवार को इस्लामनगर के इमरान और तौहीद आलम भी घर पहुंच गए। शहर के डीएम रोड निवासी आनंद यादव भी सोमवार को दिल्ली से घर लौट आए हैं। आनंद यादव हंगरी से दिल्ली पहुंचे थे। यहां अपनी मौसी के घर कुछ आराम करने के बाद फिर बदायूं लौटे हैं।
इस्लामनगर के तौहीद, इमरान और ओसामा यूक्रेन की डेनीप्रो मेडिकल यूनिवर्सिटी से एमबीबीएस के छात्र हैं। रूसी सेना हमलों में यूक्रेन की राजधानी कीव और बड़े शहर खारकीव के साथ डेनीप्रो को भी निशाना बना रही है। कई दिन बंकर में शरण लेने के बाद ओसामा, इमरान और तौहीद शुक्रवार को डेनीप्रो से निकलकर हंगरी की राजधानी बुडापेस्ट पहुंचे थे। यहां से शनिवार को इमरान और तौहीद को मुंबई की तो ओसामा को दिल्ली की फ्लाइट मिली। ओसामा रविवार को ही घर पहुंच गए थे। इमरान और तौहीद मुंबई से दिल्ली होते हुए सोमवार को घर पहुंचे हैं। घर पहुंचने पर उनका स्वागत किया गया।
बिसौली के सीकरी निवासी दानिश और बिल्सी के मोहल्ला नंबर एक निवासी प्रतीक्षा मिश्रा की भी रविवार को ही घर वापसी हो गई थी। इससे पहले सहसवान के शादाब, बगरैन के आकाश गुप्ता, शहर के कबूलपुरा की मुहिता, नाहर खां सराय के अयाज की घर वापसी हो चुकी है।
इधर, शहर में डीएम रोड निवासी आनंद यादव भी सोमवार को घर लौट आए हैं। आनंद खारकीव मेडिकल यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस के छात्र हैं। आनंद को सफर में काफी दिक्कत हुईं। पोलैंड बॉर्डर पर उनके साथ अभद्रता भी की गई। उनसे रुपये भी छीन लिए गए। यहां से वह किसी तरह हंगरी पहुंचे थे। हंगरी से शनिवार शाम उनकी फ्लाइट ने उड़ान भरी थी। रात में वह दिल्ली अपनी मौसी के घर पहुंचे। सोमवार को बदायूं आ गए। आनंद का घर पर स्वागत किया गया। इसके बाद वह अपने परिवार के साथ वजीरगंज क्षेत्र के सोई आश्रम पहुंचे और यहां संतों का आशीर्वाद लिया। संवाद