वह बैग लटकाकर पैदल-पैदल जा रहीं थीं कि उसी दौरान दो पुलिसकर्मी गश्त करते हुए उधर से निकल रहे थे। जब उन्होंने लड़कियों को बैग लेकर सड़क पर जाते देखा तो वह हैरान रह गए। उन्होंने लड़कियों को वहीं रोक लिया। पूछने पर दोनों छात्राओं ने खुद स्कूल से बाहर निकलने की बात कही। पुलिसकर्मी उन्हें थाने ले गए और इसकी सूचना स्कूल स्टाफ व उनके परिवार वालों को दी।
सुबह दोनों छात्राओं के परिवार वाले थाने पहुंच गए। बाद में एसडीएम बिसौली कल्पना जायसवाल, बीएसए स्वाती भारती भी पहुंच गईं। प्रथम दृष्टतया इस मामले में स्कूल स्टाफ की लापरवाही सामने आई है। इस पर अधिकारियों ने वार्डन समेत रात को मौजूद रहने वाले स्टाफ से स्पष्टीकरण मांगा है।
स्टाफ से मांगा स्पष्टीकरण
एसडीएम बिसौली कल्पना जायसवाल ने कहा कि वैसे तो दोनों छात्राएं खुद स्कूल से बाहर निकल गईं थीं लेकिन स्कूल के स्टाफ की जिम्मेदारी पूरी थी। उनकी लापरवाही से छात्राएं बाहर निकल गईं थी। इस पर स्टाफ से स्पष्टीकरण मांगा गया है। मामले की जांच कराई जा रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा। उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
बीएसए स्वाती भारती ने कहा कि इस मामले में प्रथम दृष्टतया स्टाफ की लापरवाही रही। अगर लापरवाही नहीं रही तो छात्राएं बाहर कैसे निकल गईं। इसमें वार्डन समेत अन्य स्टाफ के कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। पूरी जांच के बाद मामले में कार्रवाई की जाएगी।