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चिकित्सक के घर से चोरों ने नकदी समेत दो लाख रुपये का माल उड़ाया

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उझानी (बदायूं)। कई दिन से सक्रिय चोर-उचक्कों ने शनिवार रात डॉक्टर के घर को निशाना बना लिया। पड़ोस के निर्माणाधीन मकान से घुसे चोरों ने पूरे कमरे को खंगाल लिया। कमरे से चोर मेज पर रखे तीन सेलफोन और संदूक भी उठाकर ले गए। संदूक में सोने की झुमकी, पाजेब और 1.45 लाख रुपये थे। खाली संदूक सुबह में घर के पास ही पड़ा मिला। सूचना के बाद तड़के ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
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डॉ. वीरेश कुमार मूलत: कासगंज जिले में अमारपुर थाना क्षेत्र के गांव फिरोजपुर सानी निवासी हैं। कादरचौक के गांव रेवा में उसका क्लीनिक है। घर में ही केमिस्ट सोनू और सुनील भी रहते हैं। शनिवार रात खाना खाने के बाद तीनों भाई अलग-अलग कमरों में सो गए। मेनगेट का दरबाजा अंदर से बंद था, लेकिन तड़के करीब पांच बजे वीरेश जागे तो मेज पर सेलफोन नजर नहीं आने पर कमरे में देखा तो संदूक भी गायब था। वीरेश ने अपने भाइयों को जगाया तो उनके सेलफोन भी गायब थे। घरवालों ने बाहर निकल कर खोजबीन की तो घर से करीब 40 फिट की दूरी पर खाली संदूक पड़ा मिल गया। सोनू ने बताया कि संदूक 1.45 लाख रुपये, सोने की झुमकी, चांदी की पाजेब और अन्य कीमती सामान भी था। घरवालों की मानें तो चोर पड़ोस में निर्माणाधीन मकान के जीना से चढ़कर ही डॉक्टर के घर में घुसे थे। सूचना के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। दरोगा संजय कुमार ने गृहस्वामी समेत उसके परिजनों से घटना के बारे में जानकारी ली। रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए कोतवाली में तहरीर भी दे दी गई है।

...फिर भी नहीं लग पा रहा चोरियों पर अंकुश
उझानी। तीन महीना के दौरान नगर समेत ग्रामीण इलाकों में चोरी की पांच घटनाएं हुईं थीं। चोरों ने अस्पताल में रहने वाले सेहत महकमा के एआरओ दीनानाथ विमल समेत कोतवाली के पास ही बीज विक्रेता आर्येंद्र यादव की दुकान में चोरी की बड़ी घटना को अंजाम दिया था। तीन घटनाओं को खुलासा भी हो चुका है, लेकिन एआरओ के आवास में हुई घटना का वर्कआउट भी नहीं हो पाया। पुलिस ने बीज विक्रेता की दुकान में चोरी की घटना में करीब दो लाख रुपये में महज करीब सात हजार रुपये बरामद दिखाकर चोर का चालान कर दिया था। सवाल तो यह भी उठता है जब चोर गिरफ्तार हो चुके हैं तो चोरी की घटनाओं पर अंकुश क्यों नहीं लग पा रहा है।
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