भीषण गर्मी शुरू होने से यूं तो दिन भर लोगों को गर्मी से परेशानी हो रही है, लेकिन तपती दोपहरी ने तो लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। भीषण गर्मी की वजह से लोगों को डिहाइड्रेशन, डायरिया, उल्टी, दस्त जैसी बीमारियां होने लगी हैं। साथ ही धूप में निकलने से चेहरे और शरीर का भी बुरा हाल होने लगा है। वहीं धूल भरी हवा ने भी राहगीरों की परेशानी को दोगुना कर दिया। गर्मी से परेशान लोगों ने तो दोपहर के वक्त घरों और कार्यालयों से निकलना कम कर दिया है। मजबूरी में निकलने वाले लोग चिलचिलाती धूप से बचाव के इंतजाम पूरा करके ही घरों से निकल रहे हैं।
इन दिनों जो तापमान चल रहा है, वो मई और जून में होता है। गर्मी अधिक होने की वजह से बाजारों में शीतल पेय, रसीले फलों की बिक्री में तेजी आई तो साथ ही इन पेय पदार्थों पर करीब 20 फीसदी की महंगाई भी हो गई। इस बार समय से पहले आई गर्मी की वजह से तालाब और पोखर सूख गए हैं।
इंसान ही नहीं पशु-पक्षी भी हुए व्याकुल
ऐसे में इंसानों के साथ जानवरों को भी परेशानी हो रही है। पालतू पशुओं के साथ पक्षियों को बचाने के लिए लोगों ने घरों की छतों पर पानी रखना शुरू कर दिया है।