गांवों में स्वास्थ्य व्यवस्थाएं मुहैया उपलब्ध कराने के लिए भले ही शासन गंभीर हो गया हो, लेकिन यह योजनाएं प्रशासनिक उदासीनता के कारण दम तोड़ रही हैं। गांवों में बने उप स्वास्थ्य केंदों पर न तो लोगों को प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा मिल रही है और न ही टीकाकरण ओर प्रसव की सुविधा भी उपलब्ध हो पा रही है। दहगवां ब्लाक के गांव सिरसाखुर्द के उप स्वास्थ्य केंद्र का खस्ता हालत बदहाली की कहानी को खुद ही बयां कर रहा है।
केंद्र पर एएनएम न मिलने से वहां पर स्वास्थ्य सुविधाओं को मुहैया नहीं कराया जा पा रहा है। इस बारे में पूर्व ग्राम प्रधान रामचरन शाक्य बताते हैं कि उप स्वास्थ्य केंद्र तो सिर्फ नाम का है। यहां न तो चिकित्सक आते हैं और न दवाइयां हैं। कार्यरत एएनएम अधिकांश समय नहीं आती हैं। इससे गर्भवती महिलाओं के प्रसव भी केंद्रों पर नहीं हो पाते हैं।
प्रभारी चिकित्साधिकारी ने दी सफाई
दहगवां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. राकेश रोशन ने सफाई देते हुए बताया कि गांव में स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र पर टीकाकरण की सुविधाएं एएनएम क्षेत्रीय लोगों को प्रदान करती हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा मरीजों को उप स्वास्थ्य केंद्र पर लेकर आने का काम किया जाता है और वहां उनका टीकाकरण किया जाता है।