दातागंज। नगर पालिका बोर्ड की बैठक का बुधवार को सभासदों ने चेयरमैन आकाश वर्मा पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए बहिष्कार कर दिया। बैठक में हिस्सा लेने आंवला सांसद धर्मेंद्र कश्यप भी पहुंचे थे। हंगामा, नारेबाजी और बैठक का बहिष्कार सांसद की मौजूदगी में ही हुआ। सांसद ने सभासदों को समझाने की कोशिश की लेकिन नतीजा शून्य रहा।
बुधवार को दातागंज चेयरमैन आकाश वर्मा की अध्यक्षता में पालिका सभागार में बोर्ड की बैठक शुरू होने के साथ ही सभासदों ने पिछली बैठक में पास किए गए प्रस्तावों की सूची मांगी, लेकिन उनको सूची नहीं दी गई। सभासदों ने सांसद के सामने ही चेयरमैन पर आरोप लगाने शुरू कर दिए। आरोप था कि पालिका में जमीनी काम नहीं होते। बेवजह के कामों में कमीशन के लिए बजट खपाया जा रहा है। करीब पांच वर्ष बीत चुके हैं। अब चुनाव आने वाला है वह जनता के बीच अपने कार्यकाल की उपलब्धियां कैसे बताएंगे। सभासदों ने कार्रवाई रजिस्टर पर हस्ताक्षर करने से भी इंकार कर दिया। सांसद ने समझाया तो उन्होंने कहा कि कार्रवाई रजिस्टर में हस्ताक्षर कराने के बाद मनमाने ढंग से प्रस्ताव पास कर बजट का बंदरबांट कर लिया जाता है।
इसके बाद सभासद पालिका के सभागार के बाहर आ गए और चेयरमैन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए नारेबाजी करने लगे। सांसद ने सभासदों को बुलाकर बंद कमरे मेें बात भी की लेकिन वे बैठक के बहिष्कार पर अड़े रहे। नारेबाजी और हंगामा करने वालों में केशव गुप्ता, संतोष यादव, मुनीश गुप्ता, मंजू रानी, सुरेश माथुर, सुमित कुमार, रीना सिंह, मीरा देवी आदि रहे।
इनसेट
शासन स्तर से जांच में सिद्ध हो चुके भ्रष्टाचार के आरोप
सभासदों का कहना है कि नगर पालिका दातागंज के चेयरमैन आकाश वर्मा के खिलाफ शासन स्तर से हुई जांच में भ्रष्टाचार के आरोप सिद्ध हो चुके हैं। चेयरमैन भाजपा से जुड़े हैं इस कारण अब तक उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं हो सकी है। चेयरमैन के खिलाफ नजूल की भूमि पर कब्जा कर शोरूम निर्माण का आरोप भी सिद्ध हो चुका है। शोरूम को ढहाने का आदेश भी दिया जा चुका है, लेकिन अब तक इस मामले में भी कार्रवाई अटकी हुई है। बुधवार को हंगामा करने वाले सभासदों ने इन मुद्दों को भी उठाया।
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चेयरमैन की बात-
चेयरमैन आकाश वर्मा का कहना है कि बैठक में सांसद धर्मेंद्र कश्यप मौजूद थे। कोरम पूरा न होने के कारण बैठक की कार्रवाई नहीं हो सकी। शासनादेश के अनुसार निर्वाचित और नामित सदस्य ही बैठक में हिस्सा ले सकते हैं लेकिन बुधवार को बैठक में सदस्यों के परिवार के लोग पहुंचे थे। उनके खिलाफ जो भी आरोप है वह राजनीतिक विद्वेष के कारण लगाए जा रहे हैं।