बदायूं। गरीब किसानों के लिए शुरू की गई प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में भी जमकर फर्जीबाड़ा हो रहा है। हालात ये हैं कि जिले में ऐसे लोग भी योजना का लाभ ले रहे हैं जो आयकर जमा करते हैं, मामला संज्ञान में आने के बाद अधिकारियों ने इसकी जांच कराई तो पाया कि जिले में 1592 ऐसे लोग हैं, जो सरकार को किसी ने किसी रूप में आयकर दे रहे हैं, पर गरीब बनकर सम्मान निधि का लाभ भी ले रहे हैं। ऐसे आयकर दाताओं को विभाग ने नोटिस जारी किया है। गलत तरीके से ली गई धनराशि वापस न करने पर उनके खिलाफ रिपोर्ट होगी।
पीएम किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को छह हजार रुपये प्रतिवर्ष दिए जा रहे हैं। इस योजना के तहत किसान को एक साल में तीन बार दो-दो हजार रुपये की किस्त बैंक खाते में हस्तांतरित की जाती है। जिले में 484672 किसान कृषि विभाग में पंजीकृत है, जिनको योजना का लाभ दिया जा रहा है। शासन तक लगातार शिकायतें पहुंच रही थीं कि जिले में काफी संख्या में अपात्र किसान योजना का लाभ ले रहे हैं, जबकि पात्र किसान योजना का लाभ पाने से वंचित रह गए हैं। इसको लेकर शासन के निर्देश पर कृषि विभाग की ओर से सम्मान निधि योजना से जुड़े किसानों की जांच कराई गई, तो पाया कि जिले में 1592 ऐसे किसान हैं जो सरकार को आयकर दे रहे हैं और योजना का लाभ भी ले रहे हैं। अब विभाग ने इनको चिह्नित कर नोटिस जारी किया है। नोटिस मिलने के बाद में ऐसे लोगों में खलबली मच गई है।
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कहां कितने अपात्र
-अंबियापुर-111, आसफपुर-125, बिसौली-165, दहगवां-77, दातागंज-115, इस्लामनगर-57, जगत-144, म्याऊं-115, कादरचौक-70, सहसवान-83, सालारपुर-108, समरेर-68, उझानी-150, उसावां-82, वजीरगंज-122
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जांच के दौरान जिले में 1592 ऐसे किसान मिले हैं जो आयकर दे रहे हैं और गलत तरीके से योजना का लाभ ले रहे थे। उनको नोटिस भेजा गया है। धनराशि न लौटाने पर एफआईआर दर्ज कराई जा सकती है। -रामवीर कटारा, उप कृषि निदेशक