बदायूं। हाईस्कूल व इंटर की यूपी बोर्ड परीक्षा को नकलविहीन संपन्न कराने के लिए सचिव ने परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन पर पूरी तरह से रोक लगाने का आदेश दिया है। परीक्षा केंद्र के बाहर संकलन केंद्र बनाया जाएगा, जहां शिक्षक व अन्य के मोबाइल फोन जमा किए जाएंगे। परीक्षा अवधि में परीक्षा केंद्र परिसर में मोबाइल मिलने पर केस दर्ज करवाते हुए केंद्र व्यवस्थापक पर कार्रवाई की जाएगी।
24 फरवरी 2025 से हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की यूपी बोर्ड की परीक्षाएं शुरू होने जा रहीं हैं। नकलविहीन परीक्षा संपन्न कराने के संबंध में सचिव माध्यमिक शिक्षा परिषद का पत्र मिलने के बाद डीआईओएस ने केंद्र व्यवस्थापकों को पत्र जारी कर परीक्षा केंद्र के अंदर मोबाइल फोन के साथ प्रवेश वर्जित करने का आदेश दिया है।
शिक्षक व कर्मचारियों के अलावा परीक्षार्थियों का मोबाइल परीक्षा केंद्र के बाहर सुरक्षित रखने के लिए एक संकलन केंद्र बनवाने के निर्देश दिए गए हैं। जांच व निरीक्षण के दौरान परीक्षा केंद्र व कक्ष में मोबाइल फोन मिलने की स्थिति में जिम्मेदारों के साथ केंद्र व्यवस्थापकों के भी खिलाफ केस दर्ज कराने की चेतावनी दी है।
परिचयपत्र व आधार कार्ड लाना होगा अनिवार्य
परीक्षा की शुचिता बनी रहे व कक्ष निरीक्षकों के साथ कर्मचारियों की पहचान हो सके, इसके लिए सभी को परीक्षा के दौरान विभाग की ओर से जारी परिचयपत्र अपने वस्त्र के ऊपर पिन से टैग करना होगा। वहीं, आधार कार्ड भी अपने साथ रखना अनिवार्य होगा। डीआईओएस ने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को पत्र जारी कर बिना आधार कार्ड के शिक्षकों की ड्यूटी नहीं लगाने का आदेश दिया है।
जमा करने होंगे शैक्षिक दस्तावेज
परीक्षा के दिन विषय विशेषज्ञ कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी न लगे, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा। डीआईओएस ने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को शिक्षकों के शैक्षिक दस्तावेज विद्यालय में जमा करवाने के निर्देश दिए हैं। स्वयं जांच करने के बाद ड्यूटी लगाने की बात कहते हुए जांच टीम को जरूरत पड़ने पर दस्तावेज दिखाने का निर्देश दिया है।
तैयारियां एक नजर में
परीक्षार्थियों की संख्या -67847
बालकों की संख्या - 40,864
बालिकाओं की संख्या- 26,983
परीक्षा केंद्र - 100
कक्ष निरीक्षक - 3,500
बोर्ड परीक्षा की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। केंद्र व्यवस्थापकों को सचिव के निर्देशों की जानकारी दी जा चुकी है। परीक्षा केंद्रों में माेबाइल फोन के साथ प्रवेश पूरी तरह से वर्जित रहेगा। परीक्षा को नकलविहीन संपन्न करवाना प्राथमिकता में है। इसमें शिथिलता बरतने पर कार्रवाई की जाएगा- डा. प्रवेश कुमार, डीआईओएस