महिलाओं को मीना बाजार तो बच्चों को लुभा रहीं फास्ट फूड की दुकानें
नगर के प्रसिद्ध देवी मेला में श्रद्धालुओं की भीड़ लगातार बढ़ती जा रही है। श्रद्धालु परिवार सहित मातारानी मंगला देवी के दर्शन करने के बाद मेला में मनोरंजन और खरीदारी का भी भरपूर लुफ्त उठा रहे हैं।
खेरे वाली मंगला देवी मां के दरबार में कस्बे के अलावा देहात और दूर दराज के हजारों लोग प्रतिदिन पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु सर्वप्रथम मातारानी के दर्शन करते हैं, उसके बाद परिवार के साथ मेला का लुफ्त उठाते हैं। मेला में लगे काठ बाजार, नखाशे, पत्थर बाजार, दरी-कालीन बाजार और संदूक-कुठिया बाजार में भारी भीड़ पहुंच रही है। लोग अपनी जरूरत का सामान खरीद रहे हैं। मेले का प्रसिद्ध मीना बाजार महिलाओं की खास पसंद बना हुआ है। मेले में लगे फास्ट फ़ूड कार्नर कुल्फी-सॉफ्टी, चाट-पकौड़ी के स्टाल बच्चों की पसंद हैं। झूले क्रोकोडायल, ब्रेक डांस झूला और काला जादू, मौत का कुआं भी बच्चों की पसंद बने हुए हैं।
धार्मिक स्थल पर मनोरंजन के नाम पर फूहड़ नृत्य
धार्मिक मेला में जहां महिलाएं और बच्चे और वृद्ध आस्था के साथ यहां पहुंच रहे हैं, वहीं शाम होते ही मेला स्थल पर फूहड़ गीतों की तेज धुनों पर युवाओं को लुभाने के लिए नृत्य हो रहे हैं।
मां के दरबार में अगाध श्रद्धा
मेले के दौरान मातारानी के मंदिर पर प्रतिदिन भजन-कीर्तन हो रहे हैं। अमावस्या कीर्तन मंडल के सौजन्य से मंदिर पर दूरदराज से भजन-कीर्तन मंडल आकर सारी रात मातारानी का गुणगान करते हैं। साधू-संतों की टोलियां भी कीर्तन में बढ़-चढ़कर भाग लेती हैं।
भक्त करा रहे हैं रोजाना भंडारे
देवी मां के आशीर्वाद से मांगी मुराद पूरी होने पर भक्त भंडारों का आयोजन करते हैं। शुभारंभ से भंडारों का दौर शुरू हो जाता है, जो समापन तक चलता रहता है। प्रतिदिन कोई न कोई भक्त मंदिर पर भंडारा अवश्य कराता है।