बदायूं । किशोरी के साथ दुष्कर्म के एक साल पुराने मामले में विशेष न्यायाधीश पॉक्सो दीपक यादव ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई । साथ ही दोषी पर एक लाख रुपये का जुर्माना डालते हुए पूरी धनराशि पीड़िता को देने का आदेश दिया है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार बिसौली कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में रहने वाले व्यक्ति ने 25 अप्रैल 2022 को पुलिस को तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया गया था कि उसकी 16 वर्षीय बेटी को उसके बहनोई अपने साथ बुलाकर ले गए थे। बहन के प्रसव होने की वजह से उन्होंने बेटी को उनके साथ भेज दिया था। बेटी अपनी बुआ के घर पर थी कि बुआ को प्रसव पीड़ा होने पर परिवार के सदस्य उनको लेकर बिसौली अस्पताल चले गए। किशोरी घर पर अकेली रह गई। इसी बीच बुआ के जेठ अंशु ने रात करीब 1:30 बजे किशोरी के साथ जबरन दुष्कर्म किया। विरोध करने पर आरोपी ने जान से मारने की धमकी दी और कहा कि अगर किसी को बताया तो उसके मां-बाप को जान से मार देंगे। घटना की जानकारी होने पर तहरीर दी जिस पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया। न्यायधीश ने उपरोक्त पत्रावली पर साक्ष्यों का अवलोकन कर विशेष लोक अभियोजक अमोल जौहरी व बचाव पक्ष के अधिवक्ता की बहस सुनने के बाद सजा सुनाई ।