बदायूं। बिल्सी क्षेत्र के गांव सिरासौल स्थित खेरेवाली माता मंदिर का स्वरूप बदलने जा रहा है। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पर्यटन विभाग की ओर से मंदिर परिसर में 74.81 लाख रुपये की लागत से विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इनमें यात्री विश्रामगृह, टॉयलेट ब्लॉक, पेयजल एवं अन्य बुनियादी सुविधाओं का निर्माण शामिल है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। इसे इसी माह पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
खेरेवाली माता मंदिर में आसपास के जिलों समेत दूर-दराज क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। विशेष अवसरों और मेलों के दौरान यहां श्रद्धालुओं की भीड़ रहती है। पर्याप्त सुविधाओं के अभाव में लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। कई बार श्रद्धालुओं को बैठने, विश्राम करने और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशानी झेलनी पड़ती थी। इसे देखते हुए पर्यटन विभाग ने मंदिर परिसर के समग्र विकास की योजना तैयार की है।
विकास कार्यों के तहत मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आधुनिक सुविधाओं से युक्त यात्री विश्राम गृह बनाया जा रहा है। इसके अलावा महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग टॉयलेट ब्लॉक का निर्माण भी कराया जा रहा है। परिसर को व्यवस्थित और आकर्षक बनाने के लिए अन्य आवश्यक कार्य भी किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि परियोजना पूरी होने के बाद श्रद्धालुओं को बेहतर वातावरण मिलेगा और मंदिर की पहचान एक विकसित धार्मिक स्थल के रूप में होगी।
पर्यटन अधिकारी मनीष सिंह के अनुसार, शासन की मंशा धार्मिक स्थलों को बेहतर सुविधाओं से जोड़कर पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने की है। खेरेवाली माता मंदिर परियोजना भी इसी कड़ी का हिस्सा है। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद श्रद्धालुओं को अधिक सुविधाजनक और स्वच्छ वातावरण मिलेगा, जिससे मंदिर क्षेत्र का महत्व और बढ़ जाएगा।