गेहूं क्रय केंद्र पर कांटा ही नहीं है तो कैसे हो खरीद
-प्रभारी डीएम ने औचक निरीक्षण कर लिया खरीद का जायजा
-चितौरा के केंद्र पर प्रभारी ही मिले गैरहाजिर, वेतन काटने के आदेश
मूल्य समर्थन योजना के अंतर्गत स्थापित गेहूं क्रय केंद्रों की व्यवस्थाएं परखने के लिए सोमवार को प्रभारी डीएम अच्छे लाल सिंह यादव ने जिले के तीन केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। उनके निरीक्षण में अलापुर (चितौरा) स्थित पीसीएफ के केंद्र पर प्रभारी अनुज कुमार मिश्रा नदारद मिले। वहीं, दूसरे क्रय केंद्रों पर इलेक्ट्रॉनिक कांटे, छलने और नमी मापक यंत्र उपलब्ध नहीं मिले। प्रभारी डीएम ने अनुपस्थित केंद्र प्रभारी का जवाब तलब करने तथा वेतन काटने के आदेश दिए हैं।
प्रभारी डीएम अलापुर स्थित सहकारिता विभाग के क्रय केंद्र पर पहुंचे। यहां केंद्र प्रभारी के सहयोगी अजब सिंह उपस्थित मिले। प्रभारी डीएम ने अपने सामने गेहूं को तुलवाकर इलेक्ट्रॉनिक कांटे की सत्यता को परखा तो कांटा सही पाया गया। केंद्र पर गेहूं बेचने आए ग्राम कोड़ा गूजर के कृषक राम कुमार से भी डीएम ने जानकारी ली। इस केंद्र पर पेयजल की व्यवस्था के साथ ही कांटे, नमी नामक यंत्र, छलना की समुचित व्यवस्था पाई गई, लेकिन केंद्र प्रभारी के न होने के कारण क्रय पंजिका का अवलोकन नहीं हो सका। इसके बाद प्रभारी डीएम ने म्याऊं स्थित एसएफसी के केंद्र का निरीक्षण किया। यहां केंद्र प्रभारी छत्रपाल उपस्थित मिले, लेकिन कांटा, छलना, नमी मापक यंत्र उपलब्ध न होने पर प्रभारी डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित एजेंसी के प्रबंधक को हिदायत दी कि तमाम आवश्यक व्यवस्थाएं तत्काल सुनिश्चित की जाएं। इस केंद्र पर ग्राम नगरिया चिकन के किसान दुष्यंत कुमार का गेहूं धर्मकांटे से तुलवाकर खरीदा गया था। प्रभारी डीएम ने म्याऊं में ही भारतीय खाद्य निगम के क्रय केंद्र का औचक निरीक्षण भी किया। यहां भी किसानों का गेंहू खरीदा जा रहा था।