एक जालसाज ने हाईकोर्ट का जज बनकर बदायूं के सीजेएम मोहम्मद तौसीफ रजा को कॉल करके एक मुकदमे में दबाव बनाने की कोशिश की। सीजेएम को शक होने पर उन्होंने हाईकोर्ट से जानकारी की तो पता चला कि किसी जालसाज ने कॉल किया था। सीजेएम के स्टेनो की तहरीर पर साइबर क्राइम थाने में कॉल करने वाले के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। साइबर क्राइम थाने की टीम कॉलर के मोबाइल नंबर को ट्रेस कर रही है।
साइबर क्राइम थाने में दर्ज मुकदमे के मुताबिक 20 जनवरी को शाम करीब पांच बजे सीजेएम के मोबाइल फोन पर एक अंजान नंबर से कॉल आई। फोन करने वाले ने खुद को हाईकोर्ट प्रयागराज से न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता होना बताया। इस पर सीजेएम को शक हुआ। उन्होंने हाईकोर्ट से इस बारे में जानकारी की। पता चला कि हाईकोर्ट में मनोज कुमार गुप्ता नाम के कोई न्यायमूर्ति नहीं हैं। तब सीजेएम को एहसास हुआ कि उन्हें किसी जालसाज ने मुकदमे में दबाव बनाने के इरादे से कॉल किया था।
आईटी एक्ट के तहत मुकदमा
सीजेएम के निर्देश पर उनके स्टेनो जगत सिंह ने साइबर क्राइम थाने में तहरीर दी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने कॉल करने वाले के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस कॉल करने वाले का पता लगाने में जुटी है। साइबर क्राइम थाना प्रभारी विनोद कुमार वर्धन ने बताया कि स्टेनो की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया है। नंबर को ट्रेस कर जालसाज का पता लगाया जा रहा है।