बदायूं। मुजरिया थाना क्षेत्र के गांव इस्माइलपुर मेबड़ी निवासी वीरेंद्र की हत्या के मामले में पुलिस ने बृहस्पतिवार को गांव के ही पांच आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। यह कार्रवाई तब की गई जब परिवार के लोग पोस्टमॉर्टम के बाद शव लेकर घर लौट रहे थे। रास्ते में परिजनों ने कार्रवाई की मांग करते हुए मुजरिया थाने के सामने चौराहे पर जाम लगा दिया। करीब दो घंटे तक हंगामा चला। इसके बाद पुलिस ने दोषियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर सभी को समझाकर शांत करा दिया। इसके बाद मृतक वीरेंद्र के शव का अंतिम संस्कार किया जा सका।
मुजरिया के गांव इस्माइलपुर मेबड़ी निवासी वीरेंद्र (30) पुत्र शिवराज अपने चाचा राजेंद्र की दवा लेने बाइक से मुजरिया जा रहे थे। यहां बाइक खड़ी करने के बाद उनको बरेली जाना था। बुधवार अपराह्न करीब 1:30 बजे जैसे ही उनकी बाइक सगराय और अलीगंज के बीच पहुंची तभी सामने से गांव निवासी विजय सिंह ने पिकअप से बाइक में टक्कर मार दी।
बाइक सवार चाचा-भतीजा सड़क पर ही गिर गए। इसी दौरान विजय सिंह के अन्य चार भाई कार से मौके पर पहुंच गए और वीरेंद्र को कार से कुचल दिया। इसके बाद भी वीरेंद्र खड़े हो गए और आरोपियों को ललकारा। इसी दौरान विजय सिंह, धूम सिंह, धारा सिंह, धवल सिंह व धीर सिंह ने हॉकी, डंडों से जानलेवा हमलाकर उन्हें मौत के घाट उतार दिया। राजेंद्र की हालत नाजुक है।
बृहस्पतिवार को पोस्टमॉर्टम के बाद परिवार के लोग वीरेंद्र का शव लेकर घर लौट रहे थे। रास्ते में परिजनों ने कार्रवाई की मांग करते हुए मुजरिया थाने के सामने चौराहे पर जाम लगा दिया। करीब दो घंटे तक हंगामा होता रहा। बाद में पुलिस ने मृतक वीरेंद्र की पत्नी के शिकायती पत्र पर गांव के ही विजय सिंह, धूम सिंह, धारा सिंह, धवल सिंह व धीर सिंह पांच सगे भाइयों के खिलाफ हत्या, बलवा समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली। इसके बाद शव का गांव में भारी पुलिस बल की मौजूदगी में नम आंखों से अंतिम संस्कार किया गया।
पुलिस ने इस मामले में पांच लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. ब्रजेश कुमार सिंह, एसएसपी
मृतक का शव रखबर मुजरिया थाने के बाहर चौराहे के प्रदर्शन करते ग्रामीण। स्रोत- ग्रामीण
मृतक का शव रखबर मुजरिया थाने के बाहर चौराहे के प्रदर्शन करते ग्रामीण। स्रोत- ग्रामीण
मृतक का शव रखबर मुजरिया थाने के बाहर चौराहे के प्रदर्शन करते ग्रामीण। स्रोत- ग्रामीण