आसफर के दंगल में दो पहलवानों की कुश्ती की घोषणा करते आयोजक। संवाद
कादरचौक। कस्बा की रामलीला में आयोजित तीन दिवसीय दंगल के समापन पर दंगल केसरी के लिए हाथरस और मथुरा के पहलवानों के बीच कुश्ती हुई। शुक्रवार की देर रात तक कुश्ती होती रही। दोनों ही पहलवान एक दूसरे पर भारी पड़े। कुश्ती देखने आए लोगों ने भी पहलवानों के दांवपेच को दाद दी। बाद में दोनों को दंगल केसरी के पदक से सम्मानित किया गया।
दंगल केसरी के लिए तीन चक्रों में कुश्ती कराई गई। इस दौरान निर्णय नहीं हो सका। अंत में शंकर पहलवान मथुरा और अजीत पहलवान हाथरस को बराबर घोषित कर दोनों पहलवानों को दंगल केसरी मान लिया गया। दोनों पहलवानों को पुरस्कार राशि बराबर करके दे दी गई। पहलवान अजीत लगातार दो वर्ष से यहां के दंगल केसरी पदक जीत रहे थे लेकिन इस बार उनका एकाधिकार नहीं रहा। दूसरे स्थान के लिए राहुल हाथरस और रिहान दिल्ली के साथ रोमांचक मुकाबला हुआ। उसमें राहुल ने रिहान को हराकर जीत दर्ज की। तीसरे स्थान पर भोला हाथरस और रिंकू अलीगढ़ के साथ मुकाबला हुआ, जिसमें भोला ने बाजी मारी। रेफरी राजेंद्र पहलवान व नरेंद्र फौजी रहे। निर्णायक मंडल आयोजक में श्याम सुंदर उपाध्याय, महंत ऋषिदास, दिनेश चंद्र गुप्ता, पप्पू ने पहलवानों को पुरस्कार और प्रतीक चिह्न दिए।
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पहलवान इरशाद व आदिल सम्मानित
आसफपुर। रामलीला के दो दिवसीय दंगल में आसपास के जिलों से पहलवान पहुंचे। कई कुश्तियां हुईं। जिसमें दर्शकों की भारी भीड़ रही। विजयी रहे चंदौसी के पहलवान इरशाद व अलीगढ़ के पहलवान आदिल को मेला कमेटी की ओर से ट्राफी भेंट की गई। इस मौके पर कमेटी के अध्यक्ष रामौतार मिश्रा, मुख्य संरक्षक सतीश चंद्र पाराशरी, पूर्व प्रधान, राकेश कुमार दीक्षित, महासचिव श्रीकृष्ण मिश्रा आदि उपस्थित रहे। संवाद
आसफर के दंगल में दो पहलवानों की कुश्ती की घोषणा करते आयोजक। संवाद