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उमेश अपहरणकांड में सीबीआई ने दर्ज किए 25 लोगों के बयान

Fri, 26 Aug 2016 12:17 AM IST
ब्यूरो /बदायूं
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 थाना इस्लामनगर के गांव सिठौली के उमेश यादव के अपहरण के मामले में सीबीआई ने बयान दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जांच कर रहे सीबीआई की विशेष अपराध शाखा के डिप्टी एसपी वी दीक्षित मामले से जुड़े लोगों के बयान दर्ज कर रहे हैं। पिछले दिनों सीबीआई की एक टीम ने सिठौली पहुंच कर मामले में जानकारियां जुटाई थीं। उमेश यादव के बारे में जानकारी देने वाले को सीबीआई ने दो लाख रुपये इनाम संबंधी पंफलेट भी चस्पा कर दिए हैं। उमेश यादव जुलाई 2014 में लापता हो गया था। हाईकोर्ट के आदेश पर मामले में जांच सीबीआई कर रही है। सूत्रों ने बताया कि जांच एजेंसी अब तक 25 लोगों के बयान दर्ज कर चुकी है। 
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इस्लामनगर के गांव सिठौली निवासी उमेश यादव पुत्र चंद्रपाल का गांव के मनफूल यादव से विवाद था। मनफूल के कई रिश्तेदार पुलिस विभाग में ऊंचे ओहदों पर हैं। उमेश के पिता चंद्रपाल ने गांव के ही भूदेव से 26 बीघा जमीन खरीदी थी। यह जमीन मनफूल खरीदना चाहता था। बाद में मनफूल ने अपने रिश्तेदारों की मदद से इस जमीन पर कब्जा कर लिया था। जमीन की इसी रंजिश में वर्ष 2002 में हुए खूनी सघर्ष में मनफूल पक्ष के रघुवीर की मौत हो गई। हत्या के आरोप में निचली अदालत ने चंद्रपाल और उसके बेटे उमेश को उम्र कैद की सजा सुनाई। बाद में दोनों को हाईकोर्ट से जमानत मिल गई। चंद्रपाल का बेटा उमेश यादव 31 जुलाई 2014 को लापता हो गया। उमेश की मां सत्यवती ने थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज कराने को तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की। बाद में पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर मामला अपहरण की धाराओं में तरमीम कर लिया।
विवेचना में मनफूल ेसके बेटे अवधेश, विजय समेत गांव के ही मदन और लोचन के नाम प्रकाश में आए। इसके बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। उमेश के परिवार वालों ने हाईकोर्ट की शरण ली। कोर्ट ने फरवरी 2016 में मामले की सीबीआई जांच का आदेश दिया था। मामले में सीबीआई ने जांच शुरू कर दी है। सीबीआई के सूत्रों ने बताया कि अब तक मामले से जुड़े 25 लोगों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं। 
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कई पुलिस अफसरों पर जांच प्रभावित करने का आरोप
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि मनफूल के कई रिश्तेदार पुलिस में बड़े पदों पर हैं। बदायूं में एसएसपी रहे सौमिऱ्त्र यादव भी मनफूल के रिश्तेदार हैं। इनकी तैनाती वर्तमान में एसएसपी सीतापुर के पद पर है। मनफूल का भाई रनवीर सिंह रिटायर्ड डिप्टी एसपी है। मनफूल के बहनोई चरन सिंह निर्माण का दामाद योगेश यादव डिप्टी एसपी है। कई अन्य रिश्तेदार भी पुलिस में बड़े पदों पर होने की वजह से यह लोग जांच को प्रभावित करते रहे।
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