कादरचौक के गांव खिरिया वाकरपुर में शनिवार अपराह्न हुआ हादसा, एक गंभीर
मेन लाइन में हुआ था फॉल्ट, घर छोड़ कर बच्चे समेत भागे ग्रामीण
कादरचौक के गांव खिरिया वाकरपुर में बिजली की मेन लाइन में फॉल्ट के बाद कई घरो में करंट दौड़ गया। ग्रामीण कुछ समझ पाते, उससे पहले ही महिला और दो बच्चे चपेट में आकर झुलस गए। अफरातफरी के दौरान ही आधे से ज्यादा घरों के लोग बाहर निकल कर खेतों की ओर भाग खड़े हुए। उन्होंने उपकेंद्र पर कॉल कर सप्लाई बंद कराई। घायलों में महिला की हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है।
हादसा शनिवार को अपराह्न करीब तीन बजे हुआ। खिरिया वाकरपुर निवासी हरीराम की 60 वर्षीय पत्नी रामश्री ने दरवाजे पर लगी लोहे की किबाड़ को जैसे ही छुआ वह उससके चिपक गई। यह देख परिवारवाले रामश्री की ओर दौड़ पड़े। उन्होंने किसी तरह डंडा मार कर रामश्री को किबाड़ से छुड़ाया। इसके बाद वह घर के पास गड्डे में भरे पानी में घुसी तो वहां भी करंट लग गया। करंट लगने से उसका हाथ झुलस गया।
उसी दौरान पड़ोसी श्याम सिंह के घर में भी उसका 16 वर्षीय बेटा परवेंद्र और उसके पड़ोसी के घर में दानवीर का पांच वर्षीय बेटा अंकित झुलस गया। गड्डे के पानी में घुसते ही दो जानवर भी बेहोश हो गए। उन्हें ग्रामीणों ने बमुश्किल बाहर निकाला। ग्रामीणों के अनुसार मेन लाइन में फॉल्ट होना घरों में करंट दौड़ने का कारण बना। फॉल्ट के कुछ देर बाद ही फिर से स्पार्किंग भी हुई लेकिन तार टूट कर नहीं गिरे थे। दानवीर ने बताया कि करंट कई और घरों में भी दौड़ा था लेकिन भनक लगते ही उन घरों के लोग बच्चों समेत बाहर निकल आए। इसे लेकर गांव में काफी देर तक चीख-पुकार का भी माहौल रहा। श्याम सिंह के परिवारवालों ने असरासी उपकेंद्र पर कॉल कर सप्लाई बंद कराई तब जाकर ग्रामीणों ने राहत महसूस की। झुलसे अंकित, परवेंद्र और रामश्री को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर लाया गया। डॉ. राजकुमार गंगवार ने बताया कि रामश्री की हालत गंभीर है। उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। बच्चों को उनके परिजन इलाज कराके अपने साथ घर ले गए।