पशुओं-पक्षियों की मौत
-मक्के के खेत में पानी के साथ किया गया था कीटनाशक का छिड़काव
-खेत मालिक के खिलाफ मुकदमा, वन विभाग की टीम पहुंची
मक्का के खेत में डाली गई कीटनाशक दवा ने लगभग 20 से ज्यादा निरीह पशुओं और पक्षियों की जान ले ली। खेत में दवा डालकर भरे गए जहरीले पानी को पीकर कई कुत्तों, सियारों के अलावा पक्षियों की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची वन और पशु चिकित्सा विभाग की टीम ने मृत पशुओं का पोस्टमार्टम किया। कादरचौक थाने में खेत मालिक के खिलाफ वन्य जीव अधिनियम और पशु क्रूरता की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
ककोड़ा ग्राम पंचायत के मजरा चतुरी नगला में गांव के किनारे वीरपाल का खेत है। उन्होंने अपने खेत में मक्का बो रखी है। कीटों से फसल को बचाने के लिए इसी खेत में कीटनाशक दवा पानी के साथ डाली गई थी। गांव में घूमने वाले कुत्ता, बिल्ली और जंगल में रहने वाले सियार को प्यास लगी तो उन्होंने खेत से पानी पी लिया। सुबह खेत और गांव की गलियों में यह पशु मृत पड़े मिले। कुछ पालतू कुत्ते तो गांव में लोगों के घरों की छत पर मृत मिले। कई कौवे और चिड़िया भी पानी पीने से मृत मिले। कुत्तों और अन्य जानवरों की मौत से गांव में चारों ओर कीटनाशक की बदबू फैल गई। गांव वालों की सूचना पर वन विभाग की टीम पशु चिकित्सक अमित सक्सेना के साथ पहुंची। उन्होंने मृत पशुओं का पोस्टमार्टम किया। इस मामले में खेत मालिक वीरपाल के खिलाफ वन्यजीव अधिनियम एवं पशु क्रूरता का मुकदमा दर्ज कराया गया है।